खबरीलाल डेस्क
बालैनी (रिपोर्ट): भारतवर्ष में त्योहारों की अपनी एक अलग ही छटा होती है, और जब बात भगवान श्री कृष्ण के जन्मोत्सव यानी 'जन्माष्टमी' की हो, तो पूरे देश में उत्साह और उमंग का माहौल देखते ही बनता है। भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं में सबसे मनमोहक लीला 'माखन चोरी' की रही है। इसी बाल लीला को जीवंत करने और समाज में एकता का संदेश देने के लिए हर साल दही हांडी उत्सव मनाया जाता है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बालैनी क्षेत्र में इस बार का दही हांडी उत्सव एक ऐतिहासिक और भव्य रूप लेने जा रहा है।READ ALSO:-खौफनाक आतंकी साजिश और दो बेरोजगारों की जासूसी: 'वाइब' के ट्रेलर में प्रीति जिंटा का धांसू एक्शन और कुणाल खेमू का जलवा
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
आगामी 03 एवं 04 सितंबर को बालैनी स्थित श्री कृष्ण इंटर कॉलेज के प्रांगण में एक विशाल और भव्य दही हांडी उत्सव प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। इस महा-आयोजन को सफल बनाने और इसमें आम जनमानस की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) के प्रमुख नेता अभयवीर यादव ने क्षेत्र में मोर्चा संभाल लिया है। उन्होंने गांव-गांव जाकर एक व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया है और ग्रामीणों को इस पावन आयोजन में सपरिवार शामिल होने का सादर निमंत्रण दिया है।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n

गांव-गांव पहुंचा निमंत्रण, अभयवीर यादव का हुआ जोरदार स्वागत

\r\n\r\n
इस भव्य प्रतियोगिता के प्रति लोगों में जागरूकता और उत्साह पैदा करने के लिए रालोद नेता अभयवीर यादव ने एक सघन दौरा किया। उन्होंने क्षेत्र के दर्जनों गांवों का भ्रमण किया, जिनमें प्रमुख रूप से नगला, डोलचा, बाखरपुर, हरिया खेड़ा, नवादा, बुढ़सैनी, लुहारा, पुठड, सिंघावली, बालैनी, सैदपुर, मवी कलां, मुकारी, घटौली और पुरा महादेव जैसे गांव शामिल हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
जब अभयवीर यादव इन गांवों में पहुंचे, तो वहां के स्थानीय निवासियों, बुजुर्गों और विशेषकर युवाओं ने उनका अत्यंत गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। कई जगहों पर ढोल-नगाड़ों और फूल-मालाओं के साथ उनका अभिनंदन किया गया। जनसंपर्क के दौरान ग्रामीणों के चेहरों पर इस आयोजन को लेकर एक अलग ही चमक और उत्सुकता देखने को मिली। ग्रामीणों ने भरोसा दिलाया है कि वे भारी संख्या में इस आयोजन में पहुंचकर इसे ऐतिहासिक बनाएंगे।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

दही हांडी सिर्फ खेल नहीं, संस्कृति और एकता का प्रतीक है: अभयवीर यादव

\r\n\r\n
जनसंपर्क अभियान के दौरान ग्रामीण सभाओं को संबोधित करते हुए अभयवीर यादव ने दही हांडी के वास्तविक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, "दही हांडी उत्सव केवल एक शारीरिक प्रतियोगिता या हार-जीत का खेल नहीं है, बल्कि यह हमारी सनातन संस्कृति, हमारी प्राचीन परंपराओं, युवा शक्ति और सबसे बढ़कर हमारी सामाजिक एकता का एक जीवंत उत्सव है।"
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
उन्होंने आगे विस्तार से बताया कि जब कई युवा एक साथ मिलकर पिरामिड बनाते हैं, तो वह इस बात का प्रतीक होता है कि समाज यदि एकजुट होकर एक लक्ष्य की ओर बढ़े, तो कोई भी ऊंचाई हासिल की जा सकती है। ऐसे आयोजनों से न केवल ग्रामीण परिवेश के युवाओं को अपनी छिपी हुई प्रतिभा दिखाने का एक बेहतरीन मंच मिलता है, बल्कि समाज के सभी वर्गों में आपसी भाईचारा, प्रेम और सकारात्मक ऊर्जा को भी बढ़ावा मिलता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

विजेताओं पर होगी धनवर्षा: प्रथम पुरस्कार 1 लाख रुपये

\r\n\r\n
इस वर्ष श्री कृष्ण इंटर कॉलेज में आयोजित हो रही दही हांडी प्रतियोगिता को और भी अधिक रोमांचक और प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए आयोजन समिति द्वारा भारी-भरकम पुरस्कार राशि (प्रोत्साहन राशि) की घोषणा की गई है। ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं के लिए यह एक बहुत बड़ा अवसर है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

प्रतियोगिता में प्रतिभा दिखाने वाली टीमों (गोविंदाओं की टोलियों) के लिए निम्नलिखित पुरस्कार निर्धारित किए गए हैं:

\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    प्रथम पुरस्कार: ₹ 1,00,000 (एक लाख रुपये नकद)
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    द्वितीय पुरस्कार: ₹ 51,000 (इक्यावन हजार रुपये नकद)
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    तृतीय पुरस्कार: ₹ 31,000 (इकतीस हजार रुपये नकद)
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इन भारी-भरकम पुरस्कारों की घोषणा के बाद से ही पूरे क्षेत्र की युवा टोलियों ने अभी से अभ्यास शुरू कर दिया है। मानव पिरामिड बनाने के लिए गांवों के खाली मैदानों में युवा पसीना बहा रहे हैं, ताकि वे 3 और 4 सितंबर को अपनी ताकत, संतुलन और फुर्ती का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

सुरक्षा और व्यवस्था के रहेंगे पुख्ता इंतजाम

\r\n\r\n
आयोजन के इतने बड़े स्तर को देखते हुए श्री कृष्ण इंटर कॉलेज, बालैनी के प्रांगण में विशेष तैयारियां की जा रही हैं। दर्शकों के बैठने के लिए उचित व्यवस्था, गोविंदाओं (प्रतिभागियों) की सुरक्षा के लिए नीचे गद्दे या बालू की व्यवस्था, और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पर्याप्त स्वयंसेवकों की तैनाती सुनिश्चित की जा रही है। आयोजन समिति का लक्ष्य है कि यह कार्यक्रम पूरी तरह से सुरक्षित, अनुशासित और आनंदमय वातावरण में संपन्न हो।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

क्षेत्रवासियों से भारी संख्या में पहुंचने की अपील

\r\n\r\n
अपने जनसंपर्क अभियान के अंतिम चरण में अभयवीर यादव ने सभी क्षेत्रवासियों, माताओं, बहनों, बुजुर्गों और युवाओं से एक भावुक अपील की। उन्होंने कहा कि श्री कृष्ण जन्माष्टमी के इस पावन अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम को भव्य, दिव्य और यादगार बनाने के लिए क्षेत्र की जनता की सहभागिता ही सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
उन्होंने आह्वान किया, "मैं आप सभी से करबद्ध निवेदन करता हूं कि आगामी 03 एवं 04 सितंबर को अपने परिवार, इष्ट मित्रों और सगे-संबंधियों के साथ अधिक से अधिक संख्या में श्री कृष्ण इंटर कॉलेज, बालैनी पहुंचें। आइए हम सब मिलकर श्री कृष्ण जन्माष्टमी के इस पावन पर्व को उत्साह, उमंग, खेल भावना और आपसी भाईचारे के साथ मनाएं और हवा में लटकती मटकी फोड़ने वाले हमारे युवा खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करें।"
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इस महा-आयोजन को लेकर बालैनी और उसके आसपास के दर्जनों गांवों में अभी से उत्सव जैसा माहौल बन गया है। अब सभी को बेसब्री से 3 सितंबर का इंतजार है, जब बालैनी की धरती 'हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की' और 'गोविंदा आला रे' के जयकारों से गूंज उठेगी।