मेरठ: हाथों में अभी करवाचौथ की मेहंदी का रंग भी नहीं उतरा था... चूड़ियां और बिंदी खरीद कर रख दी गई थीं... कल सुबह निर्जला व्रत रखकर जिस पति की लंबी उम्र की कामना करनी थी, गुरुवार की भोर में उसी पति पर जब मौत झपटी, तो पत्नी रेखा ने एक पल भी नहीं सोचा और उसे बचाने के लिए मौत से ही जा टकराई। नियति ने शायद उनकी 'एक साथ जीने-मरने' की कसमें सुन ली थीं। इस दर्दनाक हादसे में पति-पत्नी दोनों ने एक साथ, एक ही पल में दम तोड़ दिया।READ ALSO:-करवाचौथ से 12 घंटे पहले दरोगा के घर 'अनसुलझी' पहेली: गोली पत्नी को लगी, पर रिवॉल्वर पर उंगली किसकी थी? हादसा या साजिश!
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
वो सुबह जो कभी शाम नहीं हुई
\r\n\r\n
मेरठ के अफजलपुर पावटी गांव में गुरुवार की सुबह करीब 3:30 बजे थे। 44 वर्षीय प्रमोद को अपनी ड्राइवरी की ड्यूटी पर निकलना था। हमेशा की तरह, 42 वर्षीय पत्नी रेखा ने उनके लिए पानी गर्म करने को रॉड लगाई। जब प्रमोद पानी बंद करने गए, तो अचानक करंट ने उन्हें जकड़ लिया। उनकी खामोशी और छटपटाहट देखकर पत्नी रेखा बचाने के लिए दौड़ीं। शायद उन्हें पता था कि यह कितना खतरनाक हो सकता है, लेकिन पति को मौत के मुंह में देखकर वह खुद को रोक नहीं पाईं। जैसे ही उन्होंने पति को छुआ, करंट ने उन्हें भी अपनी आगोश में ले लिया और दोनों ने एक साथ दुनिया को अलविदा कह दिया।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n
अधूरी रह गई करवाचौथ की तैयारी
\r\n\r\n
पड़ोस की महिलाएं बताती हैं कि रेखा कल होने वाले करवाचौथ को लेकर बच्चों की तरह उत्साहित थीं। उन्होंने पूजा के करवे से लेकर अपने शृंगार तक, हर चीज की तैयारी पूरी कर ली थी। घर के एक कोने में वो सारी चीजें अब भी बिखरी पड़ी हैं, लेकिन उन्हें इस्तेमाल करने वाली अब इस दुनिया में नहीं है। जिस घर में कल त्योहार की चहल-पहल होनी थी, आज वहां सिर्फ सिसकियां और मातम पसरा है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
6 अनाथ फूल... अब किसका है सहारा?
\r\n\r\n
इस दर्दनाक हादसे ने सबसे गहरा जख्म उनके 6 मासूम बच्चों को दिया है। पांच बेटियां और एक बेटा, जो कुछ घंटे पहले तक अपने माता-पिता के आंचल में थे, अब पूरी तरह से अनाथ हो गए हैं। उनकी मासूम आंखों के सवाल और बिलखते चेहरों को देखकर पूरे गांव का कलेजा फटा जा रहा है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यह हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं है, बल्कि यह प्रेम, त्याग और नियति की एक ऐसी कहानी है जिसने हर सुनने वाले की आंखों को नम कर दिया है। एक पत्नी, जो अपने पति की लंबी उम्र के लिए व्रत रखने वाली थी, उसी पति के बिना एक पल भी जीना गवारा नहीं किया।
विज्ञापन
विज्ञापन