मौसम डेस्क, नई दिल्ली (विशेष रिपोर्ट): पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी, चिपचिपी उमस और खंडित बारिश का सामना कर रहे उत्तर और पूर्वी भारत के लिए मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। मानसून (Monsoon 2026) अपनी पूरी लय और ताकत के साथ वापस लौट आया है।READ ALSO:-मेरठ के कोचिंग सेंटर में महिला टीचर की संदिग्ध मौत: पैसों के विवाद में पार्टनर पर हत्या का आरोप, थाने पर भारी हंगामा, पुलिस कस्टडी में आरोपी
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भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा राडार और सैटेलाइट इमेजरी के अनुसार, आज 17 जुलाई 2026 को देश के 12 से अधिक राज्यों में मौसम का रौद्र रूप देखने को मिल सकता है। एक तरफ जहां उत्तर प्रदेश (UP), बिहार और झारखंड के आसमान में घने काले बादल छाए रहेंगे और भारी बारिश (Heavy Rain) होगी, वहीं देश की राजधानी दिल्ली और एनसीआर (Delhi-NCR) के लोगों को दिन में पसीने वाली गर्मी और शाम को धूल भरी आंधी (Dust Storm) का सामना करना पड़ेगा। आइए, इस मौसमी बदलाव के वैज्ञानिक कारणों और राज्यवार स्थिति को विस्तार से समझते हैं।
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अचानक क्यों बेकाबू हुआ मानसून? (Meteorological Science)
\r\n\r\nमौसम विज्ञानियों के अनुसार, देश के मौसम में यह अचानक आया बदलाव कोई सामान्य घटना नहीं है। इसके पीछे दो बड़े मौसमी सिस्टम एक साथ काम कर रहे हैं:
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- \r\n बंगाल की खाड़ी में 'लो-प्रेशर' का निर्माण: उत्तरी ओडिशा और गांगेय पश्चिम बंगाल के समुद्री तटों के ठीक ऊपर एक शक्तिशाली चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र (Cyclonic Circulation) बन गया है। यह सिस्टम समुद्र से भारी मात्रा में नमी (Moisture) खींच रहा है।\r\n \r\n
- \r\n मानसून ट्रफ (Monsoon Trough) का खिसकना: यह नया सिस्टम अगले 24 से 48 घंटों में उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर आगे बढ़ेगा। इसके भारी दबाव के कारण 'मानसून ट्रफ रेखा' अपनी सामान्य स्थिति से खिसक कर मैदानी इलाकों (विशेषकर यूपी-बिहार) के ठीक ऊपर आ गई है। इन दोनों सिस्टम के टकराने से बादलों का एक विशाल और सघन समूह बन गया है, जो आज जमकर बरसने वाला है।\r\n \r\n
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उत्तर प्रदेश: पूर्वांचल और तराई में 'रेड अलर्ट' (UP Weather Forecast)
\r\n\r\nउत्तर प्रदेश के किसानों, विशेषकर धान की रोपाई कर रहे अन्नदाताओं के लिए आज का दिन वरदान भी है और चुनौती भी। पश्चिमी यूपी के मुकाबले पूर्वी यूपी (Purvanchal) में आज मानसून पूरी तरह से आक्रामक रहने वाला है।
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- \r\n इन जिलों में होगी मूसलाधार बारिश (Heavy Rain Alert): देवरिया, गोरखपुर, कुशीनगर, महाराजगंज, बलरामपुर, श्रावस्ती, वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर, और चंदौली। इन जिलों में मौसम विभाग ने 'ऑरेंज से रेड अलर्ट' जारी किया है। यहां तेज गरज-चमक के साथ 60 से 100 मिमी तक बारिश हो सकती है।\r\n \r\n
- \r\n जलभराव की चेतावनी: लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों और शहरी क्षेत्रों में भारी जलभराव (Waterlogging) की समस्या उत्पन्न हो सकती है।\r\n \r\n
- \r\n पश्चिमी यूपी (West UP): गाजियाबाद, नोएडा, मेरठ, हापुड़, अलीगढ़ और आगरा बेल्ट में आज दिनभर आसमान में बादल छाए रहेंगे। हालांकि यहां पूर्वांचल जैसी भीषण बारिश नहीं होगी, लेकिन मध्यम दर्जे की रिमझिम बारिश (Moderate Showers) होने से तापमान 32°C के आसपास बना रहेगा।\r\n \r\n
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बिहार: 60 किमी/घंटे की आंधी और खतरनाक वज्रपात (Bihar Weather)
\r\n\r\nबिहार में मानसून की दोबारा सक्रियता सूखे की मार झेल रहे किसानों के लिए संजीवनी लेकर आई है, लेकिन यह अपने साथ आफत की बिजली भी लाई है।
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- \r\n सीमांचल और तराई में अलर्ट: उत्तर और पूर्वी बिहार, खासकर सीमांचल (पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज, अररिया) और तराई बेल्ट (रक्सौल, सीतामढ़ी) में मौसम बेहद खराब रहेगा।\r\n \r\n
- \r\n वज्रपात (Lightning) का महाखतरा: IMD ने चेतावनी दी है कि बादलों की तेज गड़गड़ाहट के साथ 50-60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। इसके साथ ही आकाशीय बिजली गिरने (वज्रपात) की अत्यधिक आशंका है।\r\n \r\n
- \r\n बिहार सरकार के आपदा प्रबंधन विभाग ने एडवाइजरी जारी कर किसानों से अपील की है कि वे बारिश और आंधी के दौरान खुले खेतों में काम न करें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे बिल्कुल भी खड़े न हों।\r\n \r\n
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दिल्ली-NCR: दिन में चिपचिपी गर्मी, शाम को धूल का गुबार
\r\n\r\nजहां एक तरफ यूपी-बिहार पानी-पानी हो रहे हैं, वहीं दिल्ली-एनसीआर (Delhi, Gurugram, Faridabad, Noida) के आसमान पर आज मौसम लुका-छिपी का खेल खेलेगा।
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- \r\n बढ़ेगा न्यूनतम तापमान: आज 17 जुलाई को राजधानी दिल्ली में न्यूनतम तापमान सामान्य से 3 से 4 डिग्री अधिक (करीब 29-30°C) दर्ज किया गया है। हवा में नमी का स्तर 80% से ऊपर रहने के कारण दिनभर 'चिपचिपी गर्मी' और बेतहाशा उमस (Extreme Humidity) दिल्लीवासियों को रुलाएगी। कूलर भी आज बेअसर साबित होंगे।\r\n \r\n
- \r\n शाम को धूल भरी आंधी: राहत की उम्मीद दोपहर बाद या शाम को है। मौसम विभाग का अनुमान है कि शाम के वक्त हवा का दबाव बदलने से 30 से 40 किमी/घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधी (Dust Storm) चलेगी।\r\n \r\n
- \r\n इस आंधी के बाद कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बौछारें (Light Showers) पड़ सकती हैं, जिससे तापमान में 2°C तक की फौरी गिरावट दर्ज की जाएगी। हालांकि, दिल्ली वालों को झमाझम बारिश के लिए 18 और 19 जुलाई तक का इंतजार करना पड़ेगा।\r\n \r\n
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पहाड़ों पर भूस्खलन का खौफ (Uttarakhand & Jharkhand Weather)
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- \r\n उत्तराखंड (Uttarakhand): पहाड़ी राज्यों में बारिश आफत बन सकती है। उत्तराखंड के कुमाऊं और गढ़वाल मंडल (नैनीताल, चंपावत, पिथौरागढ़, पौड़ी) में भारी बारिश के कारण भूस्खलन (Landslide) का 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है। चार धाम यात्रा पर गए श्रद्धालुओं को नदी किनारों और संवेदनशील रास्तों से दूर रहने की हिदायत दी गई है।\r\n \r\n
- \r\n झारखंड (Jharkhand): राज्य के अधिकांश हिस्सों (रांची, धनबाद, बोकारो, संताल परगना) में भी मॉनसूनी हवाएं सक्रिय हैं। यहां दिनभर हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने की प्रबल संभावना है।\r\n \r\n
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IMD की आम जनता के लिए विशेष सुरक्षा एडवाइजरी:
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- \r\n कच्चे मकानों से दूरी: भारी बारिश के दौरान जर्जर इमारतों और कच्चे मकानों में शरण लेने से बचें।\r\n \r\n
- \r\n वज्रपात से बचाव: आसमान में बिजली कड़कने पर स्मार्टफोन या इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स का इस्तेमाल खुले में न करें। सुरक्षित और पक्की छतों के नीचे रहें।\r\n \r\n
- \r\n यातायात में सावधानी: दिल्ली-NCR में शाम को धूल भरी आंधी के दौरान विजिबिलिटी (दृश्यता) काफी कम हो सकती है, इसलिए वाहन चलाते समय हेडलाइट्स ऑन रखें और गति धीमी रखें।\r\n \r\n
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