मेरठ शहर के ट्रैफिक और कनेक्टिविटी को आसान बनाने वाली रेलवे रोड को बागपत रोड से जोड़ने वाली लिंक रोड को अब एक नई और प्रेरणादायक पहचान मिलने जा रही है। इस सड़क को आने वाले दिनों में 'क्रांति पथ' के नाम से जाना जाएगा। मेरठ विकास प्राधिकरण (MEDA) ने इस प्रोजेक्ट की रूपरेखा तैयार कर ली है, जिसके तहत सड़क किनारे की 900 मीटर लंबी दीवार पर देश के अमर क्रांतिकारियों की गाथाओं और योगदान को पेंटिंग के माध्यम से दर्शाया जाएगा।READ ALSO:-मेरठ: नाबालिग लड़कियों से अश्लीलता करने वाला साइको युवक गिरफ्तार, लोगों ने पकड़कर की पिटाई; Meerut Police ने भेजा जेल
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समय बचाने वाली लिंक रोड
\r\n\r\nयह लिंक रोड मेरठ के दो महत्वपूर्ण क्षेत्रों, बागपत रोड और रेलवे रोड को जोड़ती है।
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- \r\n समस्या: वर्तमान में, इन दोनों क्षेत्रों के बीच आवाजाही करने पर लोगों को एक लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी, जिसमें लगभग 35 से 40 मिनट का समय बर्बाद होता था।\r\n \r\n
- \r\n समाधान: जनप्रतिनिधियों और सेना के सहयोग से जैन नगर तिराहे से बागपत रोड तक नई लिंक रोड के लिए ज़मीन तलाशी गई, जिसका निर्माण कार्य वर्तमान में PWD और MEDA मिलकर कर रहे हैं। इस रोड से दूरी और समय की बचत होगी।\r\n \r\n
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'क्रांति पथ' के नामकरण की तैयारी
\r\n\r\nMEDA और PWD इस सड़क के निर्माण में जुटे हैं, लेकिन इसका नामकरण 'क्रांति पथ' के रूप में करने की तैयारी जोर-शोर से चल रही है।
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- \r\n पेंटिंग का विषय: सड़क की 900 मीटर लंबी दीवारों पर खास पेंटिंग की जाएंगी। ये पेंटिंग सामान्य नहीं होंगी, बल्कि इनमें अमर शहीदों और क्रांतिकारियों की गाथाओं तथा देश के लिए उनके अतुलनीय योगदान के चित्र और लेख शामिल होंगे।\r\n \r\n
- \r\n समर्थन: इस प्रोजेक्ट को डॉक्टर लक्ष्मीकांत वाजपेयी जैसे महत्वपूर्ण हस्तियों का समर्थन मिला है। उन्होंने सैन्य अफसरों से मिलकर इस प्रोजेक्ट को जल्द हरी झंडी दिलाने की बात कही है।\r\n \r\n
- \r\n पेंटिंग का ढाँचा: MEDA ने बताया कि दीवार पर लगभग 250 खाने (Segments) तैयार किए गए हैं, जिनमें ये पेंटिंग बनाई जाएंगी।\r\n \r\n
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MEDA का चयन और स्पॉन्सरशिप मॉडल
\r\n\r\nमेरठ विकास प्राधिकरण (MEDA) ने इन पेंटिंग्स को बेहतरीन ढंग से तैयार करने के लिए शहर के प्रतिष्ठित चित्रकारों की एक सूची तैयार की है।
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- \r\n संस्थान से संपर्क: पेंटिंग कार्य को बेहतर ढंग से अंजाम देने के लिए एक चिकित्सक की संस्था से भी संपर्क किया गया है।\r\n \r\n
- \r\n स्पॉन्सरशिप: विभागीय सूत्रों के अनुसार, MEDA इन पेंटिंग्स को तैयार कराने के लिए स्पॉन्सरशिप मॉडल का उपयोग करेगा, जिसके लिए शहर के प्रतिष्ठित लोगों की मदद ली जाएगी।\r\n \r\n
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जमीन अधिग्रहण में तकनीकी बाधा
\r\n\r\nसड़क निर्माण के रास्ते में आ रहे आशीर्वाद हॉस्पिटल के 45.63 वर्ग मीटर स्ट्रक्चर को बुधवार को हटा दिया गया। इस जमीन की रजिस्ट्री बुधवार को होनी थी, लेकिन:
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- \r\n बाधा: आशीर्वाद हॉस्पिटल के मालिक डॉ. प्रदीप बंसल और स्वाति बंसल MEDA कार्यालय पहुंचे, लेकिन सर्वर डाउन होने के कारण जमीन की रजिस्ट्री नहीं हो पाई।\r\n \r\n
- \r\n अगला कदम: अब रजिस्ट्री का कार्य गुरुवार को पूर्ण कराए जाने की उम्मीद है। इसके बाद पानी की निकासी के लिए पाइपलाइन डालने और रोड के दोनों तरफ बनने वाले एंट्री गेटों की नींव तैयार करने का काम शुरू होगा।\r\n \r\n