मेरठ (क्राइम/लोकल डेस्क): उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में तेज रफ्तार वाहनों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। शहर के ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र में रविवार शाम एक बेहद खौफनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाला सड़क हादसा सामने आया, जिसने पूरी इंसानियत को झकझोर कर रख दिया है। एक तेज रफ्तार बेकाबू वैगनआर (WagonR) कार ने ड्यूटी से अपने घर लौट रहे एक बेगुनाह साइकिल सवार को जोरदार टक्कर मार दी।READ ALSO:-नैनीताल की वादियों में जिस्मफरोशी का काला खेल: मेरठ के कारोबारी की रंगीन पार्टी में 51 गिरफ्तार, रिसॉर्ट सील
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
टक्कर इतनी भयंकर थी कि कार सवार ने ब्रेक लगाने के बजाय साइकिल सवार युवक को सड़क पर लगभग 100 फीट तक घसीट दिया। गंभीर रूप से घायल युवक को आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां देर रात जिंदगी और मौत से जंग लड़ते हुए उसने दम तोड़ दिया। इस दर्दनाक घटना के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। घटना का सीसीटीवी (CCTV) फुटेज भी सामने आया है, जिसके आधार पर पुलिस अब फरार आरोपी की सरगर्मी से तलाश कर रही है।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n

हादसे का खौफनाक मंजर: नून नगर से रेलवे फाटक की ओर जा रही थी मौत बनकर कार

\r\n\r\n
मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी दिल दहला देने वाली घटना रविवार शाम करीब 6 बजे की है। 40 वर्षीय संजय कुमार पेशे से एक मेहनतकश इंसान थे और रोजाना की तरह अपनी ड्यूटी खत्म करके साइकिल से अपने घर की ओर लौट रहे थे। पूरा दिन काम करने के बाद संजय के मन में जल्द से जल्द अपने परिवार के पास पहुंचने की लालसा रही होगी, लेकिन उन्हें क्या पता था कि रास्ते में मौत उनका इंतजार कर रही है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र में नून नगर की तरफ से एक वैगनआर कार बेहद तेज गति से रेलवे फाटक की ओर जा रही थी। कार की रफ्तार इतनी ज्यादा थी कि ड्राइवर का उस पर कोई नियंत्रण नहीं था। जैसे ही कार गुर्जर चौक के पास पहुंची, उसने अपनी साइड में चल रहे साइकिल सवार संजय कुमार को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

रहम की भीख मांगता रहा संजय, 100 फीट तक घिसटता रहा शरीर

\r\n\r\n
हादसे का सबसे दर्दनाक पहलू यह था कि टक्कर लगने के बाद संजय कुमार कार के बंपर या पहियों के बीच फंस गए। एक सामान्य और मानवीय प्रतिक्रिया यह होती कि ड्राइवर तुरंत ब्रेक लगाता और घायल की मदद करता, लेकिन आरोपी ड्राइवर ने ऐसा नहीं किया।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
वह संवेदनहीनता की सारी हदें पार करते हुए कार को भगाता रहा और संजय का शरीर सड़क से रगड़ खाता हुआ लगभग 100 फीट तक घिसटता चला गया। इस दौरान संजय गंभीर रूप से लहूलुहान हो गए। सड़क पर खून के निशान इस खौफनाक हादसे की गवाही दे रहे थे।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

आरोपी की संवेदनहीनता: भीड़ को आता देख कार छोड़कर हुआ फरार

\r\n\r\n
करीब 100 फीट तक घसीटने के बाद जब कार रुकने को मजबूर हुई, तो ड्राइवर ने अपनी सीट से बाहर की ओर झांककर देखा। उसने देखा कि संजय बुरी तरह कुचले जा चुके हैं और खून से लथपथ हालत में सड़क पर तड़प रहे हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इस बीच, हादसे की तेज आवाज और चीख-पुकार सुनकर आस-पास के लोग और राहगीर दौड़कर मौके की ओर आने लगे। लोगों की बढ़ती भीड़ और पुलिस के खौफ को देखते हुए आरोपी ड्राइवर ने इंसानियत दिखाने के बजाय वहां से भागने में ही अपनी भलाई समझी। वह अपनी वैगनआर कार को बीच सड़क पर ही छोड़कर मौके का फायदा उठाते हुए वहां से रफूचक्कर हो गया।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

अस्पताल में जिंदगी की जंग हार गया संजय

\r\n\r\n
गुस्साई भीड़ ने तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। सूचना मिलते ही ब्रह्मपुरी थाने की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने बिना कोई समय गंवाए, खून से लथपथ और गंभीर रूप से घायल संजय कुमार को इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने संजय की जान बचाने की पूरी कोशिश की। उन्हें कई गंभीर अंदरूनी चोटें आई थीं। सड़क पर घिसटने की वजह से उनके शरीर का काफी हिस्सा छिल गया था और अत्यधिक खून बह चुका था। देर रात तक संजय वेंटिलेटर पर जिंदगी और मौत के बीच झूलते रहे, लेकिन आखिरकार मौत जीत गई और इलाज के दौरान संजय ने हमेशा के लिए अपनी आंखें मूंद लीं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

परिजनों में मचा कोहराम: पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल, शव उठाने से किया इनकार

\r\n\r\n
जैसे ही संजय की मौत की मनहूस खबर उनके परिवार तक पहुंची, घर में चीख-पुकार मच गई। बदहवास हालत में मृतक के परिजन, रिश्तेदार और मोहल्ले के लोग भारी संख्या में अस्पताल पहुंच गए।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अस्पताल परिसर में परिजनों ने आरोपी कार चालक की गुंडागर्दी और लापरवाही के खिलाफ जमकर हंगामा किया। संजय की पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल था, उसकी दुनिया उजड़ चुकी थी। गुस्से और दुख में डूबी मृतक की पत्नी और अन्य परिजनों ने साफ तौर पर चेतावनी दी कि जब तक आरोपी कार चालक की गिरफ्तारी नहीं हो जाती और उन्हें इंसाफ का भरोसा नहीं मिलता, तब तक वे शव को हाथ नहीं लगाएंगे और न ही पोस्टमार्टम के लिए ले जाने देंगे।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अस्पताल में तनाव की स्थिति को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस के आला अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर रोते-बिलखते परिजनों को समझाया। उन्हें निष्पक्ष जांच और आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। काफी देर की मशक्कत और मान-मनौव्वल के बाद पुलिस परिजनों को शांत कराने में सफल रही, जिसके बाद संजय के शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरवाया गया और पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया गया।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

CCTV में कैद हुई खौफनाक घटना: थाना प्रभारी का क्या है कहना?

\r\n\r\n
इस पूरे मामले पर ब्रह्मपुरी थाना प्रभारी (SHO) राजेश काम्बोज ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने घटना को बेहद गंभीरता से लिया है। मौके पर छोड़ी गई वैगनआर कार को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है और कार के रजिस्ट्रेशन नंबर (नंबर प्लेट) के आधार पर मालिक की डिटेल आरटीओ (RTO) से निकलवाई जा रही है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
थाना प्रभारी ने बताया, "यह पूरी दर्दनाक घटना गुर्जर चौक पर लगे एक सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में साफ तौर पर रिकॉर्ड हो गई है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज को कब्जे में ले लिया है। फुटेज में साफ दिख रहा है कि कार कितनी तेज रफ्तार में थी और कैसे उसने साइकिल सवार को घसीटा। इसी फुटेज के आधार पर फरार कार चालक की शिनाख्त की जा रही है। पुलिस की कई टीमें आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। बहुत जल्द आरोपी सलाखों के पीछे होगा और इस मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।"
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

मेरठ में तेज रफ्तार का कहर: कब रुकेगा हादसों का सिलसिला?

\r\n\r\n
मेरठ शहर में यह कोई पहला मामला नहीं है जब किसी रईसजादे या लापरवाह ड्राइवर की तेज रफ्तार कार ने किसी गरीब या आम आदमी की जान ली हो। हाल ही के दिनों में मेरठ और आस-पास के दिल्ली-एनसीआर (NCR) इलाकों में 'हिट एंड रन' के मामलों में तेजी से इजाफा हुआ है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
विशेषज्ञों का मानना है कि चौड़ी होती सड़कें और ट्रैफिक नियमों की अनदेखी इन हादसों का मुख्य कारण बन रही है। रात या शाम के समय खाली सड़कों पर युवा अक्सर अपनी गाड़ियों को बेकाबू रफ्तार से दौड़ाते हैं, जिसका खामियाजा संजय कुमार जैसे बेगुनाह राहगीरों को अपनी जान देकर चुकाना पड़ता है। आम जनता अब पुलिस प्रशासन से यह मांग कर रही है कि शहर के प्रमुख चौराहों और कॉलोनियों के मुख्य मार्गों पर स्पीड ब्रेकर बनाए जाएं और तेज गति से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्ती से चालान और जब्ती की कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी और संजय के परिवार को इस तरह के दुखों का सामना न करना पड़े।
विज्ञापन
विज्ञापन