खबरीलाल डेस्क
भारत में नेशनल हाईवे (National Highways) पर सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों और कार मालिकों के लिए एक बेहद जरूरी और बड़ी खबर सामने आई है। अगर आप भी अक्सर एक शहर से दूसरे शहर जाने के लिए हाईवे का इस्तेमाल करते हैं, तो अगले महीने यानी 1 अप्रैल 2026 से आपकी यात्रा का बजट थोड़ा बढ़ने वाला है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) तथा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने फास्टैग एनुअल पास (FASTag Annual Pass) की कीमतों में बढ़ोतरी करने का आधिकारिक फैसला कर लिया है।READ ALSO:-मेरठ में खून से सने रिश्ते: नशे की लत ने ली पिता की जान, कलयुगी बेटे ने ईंट से कूंचकर उतारा मौत के घाट!
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अब तक प्राइवेट गाड़ी मालिकों को पूरे साल बिना रुके टोल प्लाजा पार करने के लिए 3,000 रुपये का भुगतान करना पड़ता था, लेकिन 1 अप्रैल से इस फास्टैग एनुअल पास के लिए 3,075 रुपये चुकाने होंगे। सरकार ने इसमें 2.5 प्रतिशत की मामूली बढ़ोतरी की है। यह नया नियम वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए लागू किया जा रहा है। इस विस्तृत समाचार रिपोर्ट में हम जानेंगे कि फास्टैग एनुअल पास की कीमतों में यह वृद्धि क्यों की गई है, 52 लाख से अधिक यूजर्स पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा, और आप 31 मार्च तक पुराने रेट पर इसे कैसे खरीद सकते हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

फास्टैग एनुअल पास क्या है और यह कैसे काम करता है?

\r\n\r\n
इससे पहले कि हम कीमतों में बढ़ोतरी के कारणों पर विस्तार से चर्चा करें, यह समझना जरूरी है कि आखिर फास्टैग एनुअल पास क्या है। सरकार ने पिछले साल 15 अगस्त 2025 को आम जनता को महंगे टोल टैक्स से राहत देने और यात्रा को अधिक सुगम (Smooth Travel) बनाने के उद्देश्य से फास्टैग एनुअल पास की शुरुआत की थी।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यह एक विशेष प्रकार का सब्सक्रिप्शन प्लान है, जो विशेष रूप से गैर-वाणिज्यिक (Non-commercial) वाहनों यानी प्राइवेट कार, जीप और वैन के लिए डिजाइन किया गया है। जब कोई वाहन मालिक इस फास्टैग एनुअल पास को खरीदता है, तो उसे देश भर के नेशनल हाईवे पर मौजूद लगभग 1,150 टोल प्लाजा पर एक साल के भीतर 200 बार बिना कोई अतिरिक्त टोल टैक्स दिए गुजरने की सुविधा मिलती है। इसका सीधा मतलब यह है कि आपको हर टोल प्लाजा पर अलग-अलग टैक्स कटने की चिंता नहीं करनी पड़ती; आपने एक बार पास ले लिया, और आप निर्बाध रूप से अपनी यात्रा का आनंद ले सकते हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

1 अप्रैल से फास्टैग एनुअल पास की नई दरें (New Rates from April 1)

\r\n\r\n
NHAI द्वारा 12 मार्च 2026 को जारी किए गए नए आदेश के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए फास्टैग एनुअल पास की दरों को संशोधित कर दिया गया है।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    पुरानी कीमत: 3,000 रुपये
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    नई कीमत: 3,075 रुपये
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    बढ़ोतरी: 75 रुपये (2.5%)
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    प्रभावी तिथि: 1 अप्रैल 2026
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यह नई कीमत 1 अप्रैल 2026 की सुबह से पूरे देश के सिस्टम में ऑटोमैटिक रूप से अपडेट कर दी जाएगी। जो भी व्यक्ति 1 अप्रैल या उसके बाद अपना फास्टैग एनुअल पास खरीदेगा या रिन्यू कराएगा, उसे 3,075 रुपये का ही एकमुश्त और नॉन-रिफंडेबल (Non-refundable) भुगतान करना होगा।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

कीमतों में 2.5% की वृद्धि का मुख्य कारण (Reason for Price Hike)

\r\n\r\n
जब भी किसी सरकारी सेवा के शुल्क में बढ़ोतरी होती है, तो आम जनता के मन में यह सवाल जरूर उठता है कि ऐसा क्यों किया गया। सड़क परिवहन मंत्रालय के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जब फास्टैग एनुअल पास की योजना की अधिसूचना (Notification) जारी की गई थी, तभी इसके नियमों में स्पष्ट रूप से हर साल कीमतों की समीक्षा और बदलाव का प्रावधान (Provision) रखा गया था।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यह 2.5% की बढ़ोतरी नेशनल हाईवे फीस (दरों का निर्धारण और संग्रह) (संशोधन) नियम, 2025 के अनुरूप है। देश भर में हाईवे टोल की दरों में महंगाई भत्ते (Inflation) और होलसेल प्राइस इंडेक्स (WPI) के आधार पर सालाना बदलाव करने के लिए जो फॉर्मूला तय है, उसी फॉर्मूले के आधार पर इस बार फास्टैग एनुअल पास के शुल्क में 2.5% की वृद्धि की गई है। अधिकारियों का कहना है कि यह कोई अचानक लिया गया फैसला नहीं है, बल्कि एक रूटीन सालाना रिवीजन (Annual Revision) प्रक्रिया का सामान्य हिस्सा है। 
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

52 लाख से ज्यादा यूजर्स पर पड़ेगा सीधा असर

\r\n\r\n
फास्टैग एनुअल पास योजना को भारत के कार मालिकों से उम्मीद से कहीं ज्यादा बेहतर और शानदार रिस्पॉन्स मिला है। मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, 15 अगस्त 2025 को लॉन्च होने के बाद से अब तक 52 लाख से अधिक नेशनल हाईवे कार यूजर्स इस स्कीम से जुड़ चुके हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

उपयोग के कुछ प्रमुख आंकड़े:

\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    लेन-देन (Transactions): जनवरी 2026 तक, इस फास्टैग एनुअल पास के जरिए पूरे देश में 26.55 करोड़ से अधिक टोल लेन-देन दर्ज किए जा चुके हैं।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    कुल हिस्सेदारी: नेशनल हाईवे नेटवर्क पर गैर-वाणिज्यिक वाहनों (कारों) के कुल टोल ट्रांजैक्शन में से लगभग 28% ट्रांजैक्शन अब फास्टैग एनुअल पास के माध्यम से ही किए जा रहे हैं।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    सर्वाधिक उपयोग वाले टोल प्लाजा: दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर पर स्थित बिजवासन (Bijwasan) टोल प्लाजा पर इस पास का सबसे ज्यादा इस्तेमाल होता है, जहां कुल कारों में से 57% इसी पास के जरिए गुजरती हैं। इसके बाद दिल्ली के UER-II पर मुंडका टोल प्लाजा (53%) और सोनीपत-बवाना हाईवे पर झिंझोली टोल प्लाजा (53%) का नंबर आता है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    राज्यों के आधार पर: अगर क्षेत्रीय आंकड़ों की बात करें, तो पूरे देश में फास्टैग एनुअल पास के कुल उपयोग में चंडीगढ़ सबसे ऊपर है (14%)। इसके बाद तमिलनाडु (12.3%) और दिल्ली (11.5%) का स्थान है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
जब 1 अप्रैल से फास्टैग एनुअल पास की कीमतें 3,000 रुपये से बढ़कर 3,075 रुपये हो जाएंगी, तो इन 52 लाख से अधिक सक्रिय (Active) यूजर्स की जेब पर सीधा असर पड़ेगा। हालांकि, अधिकारियों का मानना है कि 75 रुपये की यह मामूली बढ़ोतरी पास से मिलने वाली भारी बचत के सामने बहुत कम है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

31 मार्च तक पुराने रेट पर खरीदने का सुनहरा मौका

\r\n\r\n
अगर आप अक्सर हाईवे पर अपनी कार से सफर करते हैं और इस 75 रुपये की अतिरिक्त बढ़ोतरी से बचना चाहते हैं, तो सरकार ने आपके लिए एक राहत का रास्ता खुला रखा है। NHAI के अधिकारियों ने बताया है कि जो भी कार यूजर्स 31 मार्च 2026 की रात 11:59 बजे तक अपना नया फास्टैग एनुअल पास खरीद लेंगे या अपने पुराने पास को रिचार्ज/रिन्यू करा लेंगे, उन्हें यह पुराने रेट यानी 3,000 रुपये में ही प्राप्त हो जाएगा।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
चूंकि यह पास एक साल तक वैध रहता है, इसलिए 31 मार्च तक 3,000 रुपये में पास खरीदने वाले व्यक्ति को अगले एक साल तक नई दरों (3,075 रुपये) का कोई प्रभाव नहीं झेलना पड़ेगा। यह उन लोगों के लिए एक स्मार्ट विकल्प है जो नियमित रूप से नेशनल हाईवे का इस्तेमाल करते हैं और लंबी दूरी की यात्राएं करते हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

200 क्रॉसिंग और 1 साल की वैधता का नियम (Validity and Rules)

\r\n\r\n
फास्टैग एनुअल पास की कार्यप्रणाली को समझना बहुत जरूरी है। कई लोगों को यह भ्रम होता है कि पास लेने के बाद वे पूरे साल कितनी भी बार टोल प्लाजा पार कर सकते हैं, लेकिन ऐसा नहीं है। इस पास के साथ एक स्पष्ट लिमिट (Usage Limit) तय की गई है:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    200 टोल क्रॉसिंग की सीमा: यह पास आपको नेशनल हाईवे के किसी भी टोल प्लाजा से अधिकतम 200 बार गुजरने की अनुमति देता है। चाहे उस प्लाजा का टोल टैक्स 50 रुपये हो या 500 रुपये, पास के जरिए आपकी एक क्रॉसिंग (1 Trip) गिनी जाएगी और आपके फास्टैग वॉलेट से कोई अलग पैसा नहीं कटेगा।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    एक वर्ष की समय सीमा: पास के सक्रिय (Active) होने की तारीख से यह ठीक एक साल (365 दिन) के लिए वैध रहता है।
    \r\n
  4. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
क्या होगा जब पास की लिमिट खत्म हो जाएगी? पास की वैधता एक साल या 200 टोल क्रॉसिंग (जो भी पहले पूरा हो जाए) तक होती है। मान लीजिए कि आपने पास खरीदा और 6 महीने के भीतर ही आपने 200 बार टोल प्लाजा पार कर लिया। ऐसी स्थिति में 200वीं क्रॉसिंग के बाद आपका फास्टैग एनुअल पास अपने आप समाप्त हो जाएगा और आपका टैग वापस एक साधारण (Regular) फास्टैग के रूप में काम करने लगेगा। इसके बाद टोल पार करने पर आपके वॉलेट से सामान्य दर से पैसे कटेंगे। हालांकि, अच्छी बात यह है कि आप अपनी 200 ट्रिप की सीमा समाप्त होने के बाद, साल खत्म होने का इंतजार किए बिना ही, तुरंत दोबारा 3,075 रुपये देकर नया फास्टैग एनुअल पास खरीद सकते हैं। इसे एक साल में कितनी भी बार रिचार्ज कराया जा सकता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

किन टोल प्लाजा पर मिलेगी फास्टैग एनुअल पास की सुविधा?

\r\n\r\n
एक महत्वपूर्ण बात जो हर वाहन मालिक को पता होनी चाहिए वह यह है कि फास्टैग एनुअल पास देश के सभी टोल प्लाजा पर मान्य नहीं है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    कहाँ मान्य है: यह पास पूरे देश में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा प्रबंधित लगभग 1,150 से अधिक प्रमुख टोल प्लाजा और नेशनल एक्सप्रेसवे (National Expressways) पर मान्य है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    कहाँ मान्य नहीं है: राज्य सरकारों, नगर निगमों या स्थानीय निकायों द्वारा प्रबंधित स्टेट हाईवे (State Highways) और प्राइवेट एक्सप्रेसवे पर यह पास काम नहीं करेगा। उन स्थानों पर आपका फास्टैग एक सामान्य फास्टैग की तरह ही बर्ताव करेगा और वहां के निर्धारित शुल्क के अनुसार आपके वॉलेट से बैलेंस कटेगा।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
सरकार का आगामी लक्ष्य है कि नेशनल हाईवे के साथ-साथ राज्य स्तर के टोल नेटवर्क को भी एक मंच पर लाया जाए ताकि भविष्य में फास्टैग एनुअल पास का दायरा और अधिक व्यापक हो सके।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

फास्टैग एनुअल पास कैसे खरीदें या रिचार्ज करें? (How to Buy or Recharge)

\r\n\r\n
अगर आप भी फास्टैग एनुअल पास की सुविधाओं का लाभ उठाना चाहते हैं और 1 अप्रैल से पहले पुराने रेट पर इसे प्राप्त करना चाहते हैं, तो इसकी प्रक्रिया बहुत ही सरल और पूरी तरह से डिजिटल है। इसे ऑफलाइन किसी टोल प्लाजा या बैंक शाखा से नहीं खरीदा जा सकता है। इसे प्राप्त करने के दो मुख्य आधिकारिक तरीके हैं:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

पहला तरीका: राजमार्ग यात्रा ऐप (Rajmargyatra App)

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    अपने स्मार्टफोन में गूगल प्ले स्टोर (Android) या एप्पल ऐप स्टोर (iOS) से NHAI का आधिकारिक 'Rajmargyatra' मोबाइल एप्लिकेशन डाउनलोड करें।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    ऐप में अपने मोबाइल नंबर से लॉगिन करें।
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    होमपेज पर 'FASTag Services' या 'Annual Pass' के विकल्प पर क्लिक करें।
    \r\n
  6. \r\n
  7. \r\n
    अपनी गाड़ी का रजिस्ट्रेशन नंबर (VRN) दर्ज करें। सिस्टम जांच करेगा कि आपका फास्टैग गैर-वाणिज्यिक है और पास के लिए पात्र (Eligible) है या नहीं।
    \r\n
  8. \r\n
  9. \r\n
    पात्रता की पुष्टि होने के बाद, ऑनलाइन पेमेंट गेटवे (UPI, Credit/Debit Card, Net Banking) के माध्यम से 3,000 रुपये (1 अप्रैल से 3,075 रुपये) का भुगतान करें।
    \r\n
  10. \r\n
  11. \r\n
    भुगतान सफल होते ही आपका फास्टैग एनुअल पास तुरंत सक्रिय (Activate) हो जाएगा।
    \r\n
  12. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
दूसरा तरीका: NHAI/MoRTH की आधिकारिक वेबसाइट आप NHAI या IHMCL (Indian Highways Management Company Limited) की आधिकारिक वेब पोर्टल पर जाकर भी अपने वाहन का नंबर डालकर इस एनुअल पास को ऑनलाइन सब्सक्राइब कर सकते हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
नोट: इस पास को खरीदने के लिए आपके पास पहले से एक सक्रिय (Active) फास्टैग होना अनिवार्य है। यह पास सीधे आपके मौजूदा फास्टैग के साथ लिंक हो जाता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

क्या फास्टैग एनुअल पास अनिवार्य है? (Is it Mandatory?)

\r\n\r\n
कई लोगों के मन में यह सवाल है कि क्या 1 अप्रैल के बाद सभी प्राइवेट कारों के लिए यह पास लेना जरूरी हो जाएगा? इसका जवाब है—बिल्कुल नहीं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
फास्टैग एनुअल पास पूरी तरह से एक वैकल्पिक (Optional) सुविधा है। यह विशेष रूप से उन लोगों के लिए डिजाइन किया गया है जो रोजाना या बहुत बार हाईवे के जरिए एक शहर से दूसरे शहर जाते हैं (जैसे दिल्ली से मेरठ, मुंबई से पुणे, या चंडीगढ़ से अंबाला)। जो लोग साल में एकाध बार ही हाईवे पर जाते हैं, उनके लिए मौजूदा रेगुलर फास्टैग सिस्टम (Pay as you go) हमेशा की तरह काम करता रहेगा। अगर आप एनुअल पास नहीं लेते हैं, तो आप पर कोई जुर्माना या रोक नहीं लगेगी।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

फास्टैग एनुअल पास के आर्थिक और पर्यावरणीय लाभ

\r\n\r\n
फास्टैग एनुअल पास केवल पैसे बचाने का जरिया नहीं है, बल्कि इसके कई बड़े राष्ट्रीय लाभ भी हैं:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    ईंधन की बचत और पर्यावरण संरक्षण: जब लाखों गाड़ियां 200 से अधिक टोल प्लाजा से बिना रुके (Seamlessly) गुजरती हैं, तो उन्हें टोल पर ब्रेक लगाने और इंजन चालू रखकर इंतजार करने की जरूरत नहीं पड़ती। इससे हर साल करोड़ों लीटर पेट्रोल/डीजल की बचत होती है और कार्बन उत्सर्जन (Carbon Emission) में भारी कमी आती है।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    कैशलेस इकोनॉमी को बढ़ावा: इस योजना से 100% डिजिटल लेनदेन सुनिश्चित हुआ है। भ्रष्टाचार और टोल प्लाजा पर होने वाली नकद वसूली की संभावना पूरी तरह खत्म हो गई है। वर्तमान में नेशनल हाईवे का 98% से अधिक टोल संग्रह फास्टैग के माध्यम से ही हो रहा है।
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    समय की बचत: 'टाइम इज मनी' (Time is Money)। जो कमर्शियल या प्राइवेट यात्री रोजाना हाईवे से गुजरते हैं, उनके लिए टोल पर लगने वाला जाम एक बड़ा सिरदर्द था। एनुअल पास और फास्टैग ने इस यात्रा के समय को काफी कम कर दिया है।
    \r\n
  6. \r\n
  7. \r\n
    सस्ती यात्रा: 3,075 रुपये में 200 ट्रिप का मतलब है कि आपको एक टोल क्रॉसिंग मात्र 15.37 रुपये की पड़ रही है। जबकि नेशनल हाईवे के कई बड़े टोल प्लाजा पर एक तरफ का साधारण कार का टोल 100 रुपये से लेकर 300 रुपये तक होता है। इस लिहाज से देखा जाए तो फास्टैग एनुअल पास यूजर्स को भारी भरकम आर्थिक बचत (Huge Financial Savings) करवाता है।
    \r\n
  8. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

भारत में टोल टैक्स और फास्टैग का इतिहास

\r\n\r\n
फास्टैग एनुअल पास की इस 2.5% वृद्धि को समझने के लिए हमें भारत में टोल कलेक्शन के सफर को देखना होगा। एक समय था जब देश के हर नेशनल हाईवे पर मैनुअल नकद टोल कलेक्शन (Cash Toll Collection) होता था। लंबी-लंबी कतारें, छुट्टे पैसों की झिकझिक और भारी ट्रैफिक जाम आम बात थी। 2014-15 के बाद भारत सरकार ने RFID (Radio Frequency Identification) तकनीक पर आधारित FASTag की शुरुआत की।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
साल 2016 में जब फास्टैग शुरू हुआ, तब बहुत कम लोग इसे अपना रहे थे। लेकिन 2021 में सरकार ने सभी चार पहिया वाहनों के लिए फास्टैग को पूरी तरह से अनिवार्य (Mandatory) कर दिया। फास्टैग न होने पर दोगुना टोल टैक्स वसूलने का नियम लागू हुआ। इसके बाद देश में एक बड़ी डिजिटल क्रांति आई।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अब, जब 5.9 करोड़ से अधिक सक्रिय फास्टैग पूरे देश में मौजूद हैं, सरकार ने जनता की सुविधा को एक कदम और आगे बढ़ाते हुए 15 अगस्त 2025 को फास्टैग एनुअल पास लॉन्च किया। और अब, अपने निर्धारित नियमों के अनुसार, 1 अप्रैल 2026 से इसमें पहली बार मूल्य वृद्धि (Price Hike) की जा रही है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

NHAI और सड़क परिवहन मंत्रालय की भविष्य की योजनाएं

\r\n\r\n
सड़क परिवहन मंत्रालय (Ministry of Road Transport and Highways) अब टोल कलेक्शन को फास्टैग से भी आगे ले जाने की तैयारी कर रहा है। सरकार जल्द ही ग्लोबल नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम (GNSS) आधारित टोलिंग शुरू करने वाली है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
GNSS तकनीक के तहत सड़क पर कोई भौतिक टोल प्लाजा (Physical Toll Plaza) नहीं होंगे। सैटेलाइट और जीपीएस के जरिए आपकी गाड़ी की लोकेशन ट्रैक होगी और आप नेशनल हाईवे पर जितने किलोमीटर चलेंगे, सिर्फ उतने ही किलोमीटर का टोल आपके बैंक खाते से कटेगा। ऐसी आधुनिक तकनीकों के आने के बाद भी, फास्टैग एनुअल पास जैसी सब्सक्रिप्शन योजनाएं उन लोगों के लिए हमेशा फायदेमंद रहेंगी जिन्हें अनलिमिटेड (या 200 ट्रिप) यात्रा की आवश्यकता होती है। 
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

\r\n\r\n
Q1. फास्टैग एनुअल पास की नई कीमत क्या है और यह कब से लागू होगी? Ans. फास्टैग एनुअल पास की नई कीमत 3,075 रुपये है। यह बढ़ी हुई कीमत 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में लागू होगी।
\r\n\r\n
Q2. क्या 31 मार्च तक पास खरीदने पर पुरानी कीमत (3,000 रुपये) देनी होगी? Ans. हां, सड़क परिवहन मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार, यदि आप 31 मार्च 2026 तक पास खरीदते हैं या रिचार्ज करते हैं, तो आपको 3,000 रुपये ही देने होंगे।
\r\n\r\n
Q3. फास्टैग एनुअल पास कितने दिन और कितनी ट्रिप के लिए वैलिड है? Ans. यह पास एक्टिवेशन की तारीख से 1 साल या 200 टोल क्रॉसिंग (जो भी पहले पूरा हो) तक वैलिड रहता है।
\r\n\r\n
Q4. क्या कमर्शियल गाड़ियां (Trucks, Buses) भी यह पास ले सकती हैं? Ans. नहीं, फास्टैग एनुअल पास विशेष रूप से केवल गैर-वाणिज्यिक (Non-commercial) वाहनों यानी प्राइवेट कार, जीप और वैन के लिए उपलब्ध है।
\r\n\r\n
Q5. अगर मेरी 200 ट्रिप एक साल से पहले ही खत्म हो जाएं, तो क्या होगा? Ans. यदि आपकी 200 ट्रिप एक साल से पहले खत्म हो जाती हैं, तो आपका पास समाप्त हो जाएगा और वह साधारण फास्टैग बन जाएगा। आप चाहें तो तुरंत दोबारा 3,075 रुपये का भुगतान करके नया एनुअल पास खरीद सकते हैं।
\r\n\r\n
Q6. क्या यह पास राज्य के टोल प्लाजा पर भी चलेगा? Ans. नहीं, फास्टैग एनुअल पास केवल NHAI के अंतर्गत आने वाले लगभग 1,150 नेशनल हाईवे और नेशनल एक्सप्रेसवे टोल प्लाजा पर ही मान्य है। स्टेट हाईवे पर सामान्य फास्टैग की तरह पैसे कटेंगे।
\r\n\r\n
Q7. क्या मैं इसे टोल प्लाजा पर नकद देकर खरीद सकता हूं? Ans. नहीं, यह पूरी तरह से डिजिटल सेवा है। इसे केवल 'राजमार्ग यात्रा' (Rajmargyatra) मोबाइल ऐप या NHAI की आधिकारिक वेबसाइट से ही ऑनलाइन खरीदा जा सकता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
कुल मिलाकर, 1 अप्रैल 2026 से लागू होने वाली यह नई व्यवस्था देश के लाखों नियमित यात्रियों की जेब पर थोड़ा असर जरूर डालेगी, लेकिन लंबी अवधि (Long term) में देखा जाए तो फास्टैग एनुअल पास आज भी सबसे किफायती और सुविधाजनक विकल्प है। 3,000 रुपये की जगह 3,075 रुपये का भुगतान करने के बावजूद, 200 टोल क्रॉसिंग की सुविधा यात्रियों को हजारों रुपये की बचत करवाती है। सड़क परिवहन मंत्रालय का यह कदम वार्षिक मूल्य संशोधन नीति का एक पारदर्शी हिस्सा है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यदि आप एक स्मार्ट यात्री हैं और हाईवे का भरपूर इस्तेमाल करते हैं, तो आपको 1 अप्रैल का इंतजार नहीं करना चाहिए। 31 मार्च तक 3,000 रुपये की पुरानी दर पर अपना फास्टैग एनुअल पास रिन्यू करवाकर आप न केवल 75 रुपये बचा सकते हैं, बल्कि पूरे साल के लिए अपनी यात्रा को भी टेंशन-फ्री बना सकते हैं। सरकार की यह डिजिटल पहल (Digital Initiative) भारत के इन्फ्रास्ट्रक्चर को कैशलेस, तेज और आधुनिक बनाने की दिशा में एक बहुत बड़ा और सफल कदम साबित हो रही है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने नेशनल हाईवे पर सफर करने वाले कार मालिकों को झटका देते हुए 1 अप्रैल 2026 से 'फास्टैग एनुअल पास' (FASTag Annual Pass) की कीमतों में 2.5% की वृद्धि का ऐलान किया है। अब 3,000 रुपये में मिलने वाला यह पास 3,075 रुपये में मिलेगा। यह पास प्राइवेट कारों को 1 साल या 200 बार नेशनल हाईवे के टोल प्लाजा को बिना रुके पार करने की सुविधा देता है। वर्तमान में देश भर के 52 लाख से अधिक यूजर्स इस पास का इस्तेमाल कर रहे हैं। अधिकारी के अनुसार, यह वृद्धि वार्षिक संशोधन प्रक्रिया का हिस्सा है। जो उपयोगकर्ता 31 मार्च तक पास खरीदेंगे या रिन्यू कराएंगे, उन्हें यह पुरानी दर यानी 3,000 रुपये में ही मिलेगा। इस पास को NHAI के 'राजमार्ग यात्रा' ऐप के जरिए ऑनलाइन प्राप्त किया जा सकता है।