दिल्ली-एनसीआर (Delhi NCR) में बढ़ते प्रदूषण के खतरनाक स्तर को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने एक बड़ा और कड़ा फैसला लिया है। आज रात 12 बजे से BS-3 मानक के सभी वाहनों का दिल्ली की सीमा में प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। इस नियम को सख्ती से लागू करने के लिए गाज़ियाबाद जिला प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है, और नियम तोड़ने वाले वाहनों को जब्त (Seize) करने की कार्रवाई की जाएगी। केवल BS-4, CNG, LNG, और इलेक्ट्रिक वाहनों को ही यूपी की सीमा से दिल्ली में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।READ ALSO:-बिजनौर: कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान पर बड़ा ट्रैफिक अपडेट, 4 दिन भारी वाहनों की 'NO ENTRY', रूट डायवर्जन प्लान जारी
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प्रदूषण पर काबू पाने की रणनीति
\r\n\r\nयह प्रतिबंध दिल्ली-एनसीआर में लागू GRAP (Graded Response Action Plan) के तहत लगाया गया है। दिल्ली में प्रवेश करने वाले मालवाहक और पुराने वाहनों से होने वाले उच्च प्रदूषण उत्सर्जन (High Pollution Emission) को नियंत्रित करने के लिए यह फैसला लिया गया है।
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- \r\n लागू तिथि: आज रात 12 बजे (1 नवंबर से प्रभावी)।\r\n \r\n
- \r\n उद्देश्य: मालवाहक वाहनों से होने वाले उच्च प्रदूषण को कम करना।\r\n \r\n
- \r\n सख्ती: यह सख्ती नया आदेश जारी होने तक लगातार जारी रहेगी।\r\n \r\n
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गाज़ियाबाद में 8 जगह बैरियर और 7 टीमें तैनात
\r\n\r\nगाज़ियाबाद जिला प्रशासन ने इस प्रतिबंध को लागू करने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं, क्योंकि दिल्ली की सीमा गाज़ियाबाद से लगभग 44 किलोमीटर की लंबाई में जुड़ी हुई है।
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- \r\n प्रशासनिक जिम्मेदारी: एडिशनल डीसीपी ट्रैफिक सच्चिदानंद और एआरटीओ मनोज मिश्रा को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई है।\r\n \r\n
- \r\n टीमों का गठन: एआरटीओ की निगरानी में सात विशेष टीमों का गठन किया गया है।\r\n \r\n
- \r\n मुख्य बैरियर प्वाइंट: ये टीमें निम्नलिखित 8 मुख्य रास्तों पर बैरियर लगाकर BS-3 वाहनों को रोकने और सीज करने का काम करेंगी:\r\n\r\n
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- \r\n दिलशाद गार्डन\r\n \r\n
- \r\n भौंपुरा\r\n \r\n
- \r\n लोनी बॉर्डर\r\n \r\n
- \r\n यूपी गेट\r\n \r\n
- \r\n सूर्यनगर\r\n \r\n
- \r\n तुलसी निकेतन\r\n \r\n
- \r\n सोनिया विहार\r\n \r\n
- \r\n नोएडा से आने वाले रास्ते\r\n \r\n
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BS-3 में सभी प्रकार के वाहन शामिल
\r\n\r\nएडिशनल डीसीपी ट्रैफिक सच्चिदानंद ने स्पष्ट किया है कि BS-3 वाहनों की सूची में सभी प्रकार के वाहन शामिल हैं।
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- \r\n शामिल वाहन: BS-3 में बाइक, बुलेट बाइक, ट्रक, कार और बसें सभी शामिल हैं। ये वाहन अधिक पुराने हैं और प्रदूषण का स्तर भी अधिक है।\r\n \r\n
- \r\n चेतावनी: ट्रैफिक पुलिस ने BS-3 वाहन चालकों से अपील की है कि वे दिल्ली जाने का प्रयास न करें, क्योंकि नियम तोड़ने पर सख्त कार्रवाई होगी।\r\n \r\n
- \r\n सन्देश प्रणाली: जिन BS-3 वाहनों की समय सीमा पूरी हो चुकी है, उनकी लिस्ट बनाकर उनके मालिकों को मैसेज के माध्यम से भी सूचित किया जा रहा है।\r\n \r\n
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किन वाहनों को मिलेगी एंट्री?
\r\n\r\nयह प्रतिबंध केवल BS-3 और अन्य पुरानी श्रेणी के वाहनों पर है। कुछ चुनिंदा वाहनों को दिल्ली में प्रवेश की छूट दी गई है:
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- \r\n छूट वाले वाहन:\r\n\r\n
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- \r\n भारत स्टेज-4 (BS-4) वाहन\r\n \r\n
- \r\n सीएनजी (CNG) और एलएनजी (LNG) वाहन\r\n \r\n
- \r\n इलेक्ट्रिक वाहन (EV)\r\n \r\n
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गाज़ियाबाद और नोएडा के दिल्ली बॉर्डर पर परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस मिलकर 1 नवंबर से यह विशेष अभियान चलाएगी।
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क्या है बीएस मानक?
\r\n\r\n'बीएस' का मतलब भारत स्टेज (Bharat Stage) है। यह एक उत्सर्जन मानक है जिसका उपयोग वाहनों से निकलने वाले प्रदूषण को मापने के लिए किया जाता है। BS-3 (2010 के बाद के वाहन) और BS-4 (1 अप्रैल 2017 के बाद के वाहन) जैसे उच्च मानकों वाले वाहनों में प्रदूषण का उत्सर्जन कम होता है।
Sabse pehle comment karne wale banein.