जापान के Aichi-Nagoya में हुए Asian Games 2026 में भारत ने अपने अभियान का समापन 85 पदकों के साथ किया। भारतीय दल ने 21 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज पदक जीते और कुल पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया। भारत से ऊपर चीन, जापान और दक्षिण कोरिया रहे।
हालांकि भारत का यह प्रदर्शन 2023 के Hangzhou Asian Games के रिकॉर्ड 106 पदकों से कम रहा, लेकिन इस बार भी भारतीय खिलाड़ियों ने कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कीं। सबसे बड़ी उपलब्धियों में महिला हॉकी टीम का 44 साल बाद एशियन गेम्स गोल्ड जीतना, पुरुष हॉकी टीम का लगातार दूसरी बार चैंपियन बनना और गोल्फ में भारत का ऐतिहासिक गोल्ड शामिल रहा।
महिला हॉकी ने 44 साल का इंतजार खत्म किया
भारत के अभियान का सबसे भावुक और ऐतिहासिक अध्याय भारतीय महिला हॉकी टीम ने लिखा। टीम ने फाइनल में मेजबान नहीं बल्कि मजबूत चीन को 1-0 से हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
भारत के लिए निर्णायक गोल लालरेमसियामी ने 10वें मिनट में किया। उन्होंने शानदार रिवर्स हिट के जरिए गेंद को गोल में पहुंचाया। इसके बाद भारतीय डिफेंस ने चीन के लगातार हमलों का सामना किया और बढ़त को आखिरी सीटी तक बरकरार रखा।
Follow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join ›चीन को दूसरे क्वार्टर में पेनल्टी स्ट्रोक भी मिला, लेकिन भारतीय गोलकीपर सविता पूनिया ने शानदार बचाव करते हुए भारत की बढ़त कायम रखी। इसके बाद चीन ने कई बार भारतीय सर्कल में प्रवेश किया, लेकिन भारतीय डिफेंस ने हर बार खतरे को टाल दिया।
यह जीत इसलिए भी खास रही क्योंकि भारत ने आखिरी बार 1982 में महिला हॉकी का एशियन गेम्स गोल्ड जीता था। यानी टीम को दोबारा चैंपियन बनने के लिए 44 साल इंतजार करना पड़ा।
इस गोल्ड के साथ भारतीय महिला हॉकी टीम ने Los Angeles 2028 Olympics के लिए सीधे क्वालिफिकेशन भी हासिल कर लिया।
पुरुष हॉकी टीम ने भी रचा इतिहास
महिला टीम के बाद भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने भी गोल्ड जीतकर भारत के लिए हॉकी अभियान को यादगार बना दिया।
भारत ने फाइनल में मलेशिया को 5-1 से हराया और लगातार दूसरी बार एशियन गेम्स का खिताब अपने नाम किया। यह भारत का एशियन गेम्स में पांचवां पुरुष हॉकी गोल्ड रहा। टीम की जीत के साथ भारत ने Los Angeles 2028 Olympics के लिए भी सीधे क्वालिफाई किया।
खास बात यह रही कि पहली बार एक ही Asian Games में भारत की पुरुष और महिला दोनों हॉकी टीमों ने गोल्ड मेडल जीता।
क्रिकेट में भी भारत का दबदबा
Asian Games 2026 में क्रिकेट में भी भारत ने दोनों वर्गों में गोल्ड मेडल जीते। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने फाइनल में श्रीलंका को हराकर खिताब जीता, जबकि पुरुष टीम ने फाइनल में पाकिस्तान को 19 रन से हराकर गोल्ड अपने नाम किया। इस तरह क्रिकेट में भारत के लिए दोनों गोल्ड मेडल आए।
कबड्डी में भी दोनों टीमों ने जीता गोल्ड
भारत की पुरुष और महिला कबड्डी टीमों ने भी गोल्ड मेडल अपने नाम किया। महिला टीम ने फाइनल में ईरान को 37-34 से हराया, जबकि पुरुष टीम ने ईरान को 40-34 से मात दी। पुरुष कबड्डी में यह भारत का एशियन गेम्स इतिहास में नौवां गोल्ड रहा।
इस तरह भारत ने क्रिकेट, कबड्डी और हॉकी के तीन प्रमुख टीम खेलों में पुरुष और महिला दोनों वर्गों में गोल्ड जीतकर शानदार प्रदर्शन किया।
आर्चरी में भी भारत का शानदार प्रदर्शन
आर्चरी इस बार भारत के लिए सबसे सफल खेलों में से एक रहा। भारतीय खिलाड़ियों ने इस खेल में कुल 9 पदक जीते, जिनमें 5 गोल्ड शामिल रहे।
कुमकुम अनिल मोहोड़ ने महिला इंडिविजुअल रिकर्व में गोल्ड जीतकर इतिहास बनाया। वह Asian Games में इंडिविजुअल रिकर्व गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। भारतीय महिला रिकर्व टीम ने भी दक्षिण कोरिया के लंबे दबदबे को खत्म करते हुए गोल्ड अपने नाम किया।
गोल्फ में भी आया ऐतिहासिक गोल्ड
प्रणवी उर्स ने महिला इंडिविजुअल गोल्फ में गोल्ड जीतकर नया इतिहास बनाया। वह Asian Games में व्यक्तिगत गोल्फ गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं।
उन्होंने 15-अंडर 265 के स्कोर के साथ खिताब जीता। महिला टीम स्पर्धा में भी भारत ने सिल्वर मेडल हासिल किया।
कुश्ती में भी भारत की मजबूत मौजूदगी
कुश्ती में भारत ने कई महत्वपूर्ण पदक जीते। अमन सहरावत ने पुरुष 57 किलोग्राम फ्रीस्टाइल में गोल्ड जीता। उन्होंने फाइनल में उत्तर कोरिया के विश्व चैंपियन हान चोंग सोंग को 11-7 से हराया।
अंतिम पंघाल ने महिला 53 किलोग्राम में सिल्वर जीता, जबकि दीपक पूनिया ने पुरुष 97 किलोग्राम में ब्रॉन्ज अपने नाम किया।
शूटिंग में भी मिली बड़ी उपलब्धियां
शूटिंग में नीरू धांडा ने भारत के लिए ऐतिहासिक गोल्ड जीता। उन्होंने महिला ट्रैप में शीर्ष स्थान हासिल किया। इसी स्पर्धा में भारत ने अन्य पदक भी हासिल किए।
नीरू धांडा और कायनान चेनाई ने मिक्स्ड ट्रैप में एशियन रिकॉर्ड भी बनाया।

मीराबाई चानू ने भी जीता पदक
भारत की स्टार वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने महिलाओं के 49 किलोग्राम वर्ग में सिल्वर मेडल जीता। उन्होंने कुल 198 किलोग्राम वजन उठाया। यह Asian Games में उनका पहला पदक रहा।
भारत 21 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज के साथ कुल 85 पदकों पर रहा और चौथे स्थान पर अभियान खत्म किया।
106 पदकों के रिकॉर्ड से कितना पीछे रहा भारत?
2023 के Hangzhou Asian Games में भारत ने अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 106 पदक जीते थे—28 गोल्ड, 38 सिल्वर और 40 ब्रॉन्ज। इस बार भारत का कुल आंकड़ा 85 रहा, यानी पिछली बार के मुकाबले 21 पदक कम मिले।
इसके बावजूद Aichi-Nagoya Games में भारतीय खिलाड़ियों ने कई ऐसे प्रदर्शन किए जिन्हें देश के खेल इतिहास में लंबे समय तक याद किया जाएगा।
एक ही Asian Games में हॉकी का डबल गोल्ड
भारत के लिए इस पूरे अभियान की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक यह रही कि पुरुष और महिला दोनों हॉकी टीमों ने एक ही Asian Games में गोल्ड मेडल जीता।
महिला टीम ने चीन को 1-0 से हराकर 44 साल का इंतजार खत्म किया, जबकि पुरुष टीम ने मलेशिया को 5-1 से हराकर अपना खिताब बरकरार रखा। पुरुष टीम के गोल्ड ने भारत को 2028 Los Angeles Olympics का टिकट भी दिलाया और महिला टीम की जीत ने भी ओलंपिक क्वालिफिकेशन सुनिश्चित किया।
Asian Games 2026 में भारत चौथे स्थान पर रहा, लेकिन हॉकी, क्रिकेट, कबड्डी, आर्चरी, गोल्फ, कुश्ती और शूटिंग में मिली उपलब्धियों ने इस अभियान को कई ऐतिहासिक पलों से भर दिया। 85 पदकों के साथ भारत ने एक बार फिर एशिया की शीर्ष खेल शक्तियों में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई।
Sabse pehle comment karne wale banein.