नई दिल्ली. करवा चौथ का त्योहार आते ही बाजारों और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर रौनक बढ़ गई है। महिलाएं कपड़े और गहने खरीद रही हैं, तो वहीं पति अपनी पत्नियों के लिए गिफ्ट्स तलाश रहे हैं। लेकिन इसी त्यौहारी उत्साह का फायदा अब साइबर ठग उठा रहे हैं। इन दिनों इंटरनेट पर Karwa Chauth Free Gift Scam तेजी से फैल रहा है।
ग्वालियर में सामने आए ठगी के दो मामले हाल ही में मध्य प्रदेश के ग्वालियर में ऑनलाइन ठगी के दो मामले सामने आए हैं।
जंतर–मंतर गेम खेलें। पुलिस बनकर कॉकरोचों को पहचानो या आंदोलनकारी बनकर पहुंचो जंतर मंतर। खेलें ▶पहला मामला: एक महिला ने व्हाट्सएप पर आए 'करवा चौथ फ्री गिफ्ट' के लिंक पर क्लिक किया और कुछ ही देर में उसके बैंक खाते से 500 रुपये कट गए।
दूसरा मामला: एक युवक अपनी पत्नी के लिए ऑनलाइन गिफ्ट तलाश रहा था। सोशल मीडिया पर दिखे एक 'करवा चौथ ऑफर' के लिंक पर क्लिक करते ही उसके UPI खाते से 1,700 रुपये उड़ गए।
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एक्सपर्ट से समझें क्या है यह 'करवा चौथ फ्री गिफ्ट स्कैम'? उत्तर प्रदेश पुलिस के साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर राहुल मिश्रा बताते हैं कि यह एक सुनियोजित साइबर फ्रॉड है। त्योहारी सीजन में लोग ऑनलाइन शॉपिंग ज्यादा करते हैं। ठग इसी का फायदा उठाते हुए 'फ्री करवा चौथ साड़ी', 'ज्वेलरी गिफ्ट', 'मेगा डिस्काउंट' और 'शॉपिंग वाउचर' जैसे लुभावने मैसेज व्हाट्सएप और सोशल मीडिया पर भेजते हैं।
कैसे होता है आपके फोन पर अटैक? (APK फाइल का जाल) ठग ऑफर के नाम पर एक लिंक या APK (एंड्रॉयड पैकेज किट) फाइल भेजते हैं। जब आप बिना सोचे-समझे उस लिंक पर क्लिक करके फाइल डाउनलोड करते हैं, तो बैकग्राउंड में एक मालवेयर (वायरस) इंस्टॉल हो जाता है। यह मालवेयर आपके फोन का पूरा कंट्रोल ले लेता है। इसके बाद ठग आपके बैंक पासवर्ड, ओटीपी और संवेदनशील डेटा चुराकर आपका बैंक खाता खाली कर देते हैं।
इन गलतियों से बचें
फ्री गिफ्ट या 90% डिस्काउंट जैसे ऑफर्स पर तुरंत भरोसा न करें।
व्हाट्सएप या सोशल मीडिया पर आए किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें।
🏪 आपके शहर के ऑफर
विज्ञापन · स्थानीय दुकानों की ताज़ा स्कीम · स्वाइप करें →सभी ऑफर देखें →अनजान सोर्स (गूगल प्ले स्टोर के अलावा) से कोई भी APK फाइल डाउनलोड न करें।
फर्जी वेबसाइट्स पर अपने बैंक और कार्ड की डिटेल्स कभी न भरें।
गलती से लिंक पर क्लिक हो जाए, तो तुरंत क्या करें? अगर आपने अनजाने में किसी फर्जी लिंक पर क्लिक कर दिया है या APK फाइल डाउनलोड कर ली है, तो घबराएं नहीं।
सबसे पहले फोन का इंटरनेट (डेटा और वाई-फाई) बंद कर दें।
संदिग्ध ऐप या APK फाइल को तुरंत अनइंस्टॉल करें।
अपने सभी बैंकिंग और ईमेल के पासवर्ड बदल दें।
बैंक को तुरंत सूचित करें और अपना कार्ड/UPI ब्लॉक करवाएं।
यहां करें साइबर ठगी की शिकायत अगर आपके खाते से पैसे कट गए हैं, तो बिल्कुल समय बर्बाद न करें। तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें। इसके अलावा आप गृह मंत्रालय के आधिकारिक पोर्टल cybercrime.gov.in पर भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा सकते हैं। शिकायत करते समय ठग का नंबर, मैसेज का स्क्रीनशॉट, ट्रांजैक्शन आईडी (UTR) और फर्जी लिंक का सबूत अपने पास सुरक्षित रखें।
Sabse pehle comment karne wale banein.