उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में अंतर्राष्ट्रीय महिला किसान वर्ष–2026 के उपलक्ष्य में कृषि क्षेत्र में महिलाओं के अतुलनीय योगदान को सम्मानित करने के लिए एक विशेष समारोह आयोजित किया गया। कृषि विभाग, बिजनौर द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके), नगीना के प्रांगण में Bijnor Mahila Kisan Diwas 2026 का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिला कृषकों को वैज्ञानिक खेती, उन्नत कृषि तकनीकों और बेहतर उत्पादन पद्धतियों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना था। इस अवसर पर आयोजित विशेष कृषि प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिला किसानों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया गया।

वैज्ञानिक दृष्टिकोण और लागत नियंत्रण पर विशेषज्ञों का मार्गदर्शन समारोह के दौरान आयोजित तकनीकी सत्र में उप कृषि निदेशक बिजनौर डॉ. घनश्याम वर्मा तथा कृषि विज्ञान केंद्र, नगीना के प्रमुख कृषि वैज्ञानिकों ने महिला किसानों को संबोधित किया। केवीके नगीना के वैज्ञानिक डॉ. के.के. सिंह, डॉ. पिंटू कुमार, डॉ. प्रतिमा गुप्ता एवं डॉ. शिवांगी ने महिला किसानों को खेती की लागत नियंत्रित करने के व्यावहारिक तरीके समझाए।

कृषि वैज्ञानिकों ने कहा कि आधुनिक तकनीकों और नवीन ज्ञान को अपनाकर ही कृषि उत्पादन और किसानों की आय में निरंतर वृद्धि संभव है। उन्होंने बीजों के सही चयन, संतुलित उर्वरक प्रबंधन, कटाई-पश्चात प्रबंधन और वैज्ञानिक फसल सुरक्षा के तरीकों पर विस्तार से प्रकाश डाला।

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ग्रामीण अर्थव्यवस्था और खाद्य सुरक्षा में महिलाओं की अहम भूमिका कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने सर्वसम्मति से स्वीकार किया कि महिला किसान कृषि क्षेत्र की असली ताकत हैं। महिला कृषक केवल पारंपरिक खेती-किसानी तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे देश की खाद्य सुरक्षा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और परिवार की आर्थिक समृद्धि को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

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वक्ताओं ने रेखांकित किया कि बीज चयन, फसल उत्पादन, कटाई, मड़ाई तथा कृषि आधारित अन्य सहायक गतिविधियों में महिलाओं का श्रम और योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि महिला किसानों को आधुनिक तकनीकों, उन्नत औजारों और सरकारी योजनाओं से सीधे जोड़ा जाए तो उनकी कार्यक्षमता, ज्ञान और आत्मविश्वास में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है।

कृषि प्रतियोगिता के विजेता महिला किसानों को मिला सम्मान महिला किसान दिवस के उपलक्ष्य में केवीके परिसर में महिला कृषकों के लिए एक कृषि ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित की गई। इस प्रतियोगिता में जिले की कई महिला किसानों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

प्रतियोगिता में उत्कृष्ट ज्ञान और प्रदर्शन के आधार पर पांच महिला कृषकों का चयन सम्मान के लिए किया गया। उप कृषि निदेशक डॉ. घनश्याम वर्मा और केवीके नगीना की वरिष्ठ महिला वैज्ञानिकों ने संयुक्त रूप से विजेता महिला किसानों को सम्मानित किया। सम्मानित होने वाली महिला किसानों में:

  • कमलेश देवी (पत्नी विजय सिंह चौहान)

  • ममता (पत्नी विजय कुमार)

  • जगवती (पत्नी श्री सतपाल)

  • दीक्षा (पत्नी हिमां सिंह)

  • कुमारी स्वामी (पुत्री प्रेम सिंह) शामिल रहीं।

अधिकारियों ने सम्मानित महिला किसानों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें कृषि क्षेत्र में अपनी सक्रिय भूमिका बनाए रखने तथा अपने-अपने क्षेत्रों में अन्य ग्रामीण महिलाओं को भी आधुनिक और वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।

महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की दिशा में सार्थक कदम इस भव्य आयोजन का मुख्य ध्येय महिला किसानों को नवीनतम कृषि पद्धतियों से जोड़कर उन्हें सक्षम, जागरूक और आत्मनिर्भर बनाना तथा कृषि विकास की मुख्यधारा में उनकी भागीदारी को सुदृढ़ करना था। कार्यक्रम में प्रगतिशील कृषक शरद कुमार सिंह सहित कृषि विभाग के कई अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। महिला किसानों की बड़ी संख्या में मौजूदगी और उत्साहपूर्ण सहभागिता ने यह साबित कर दिया कि बिजनौर जिले में महिलाएं अब खेती-किसानी के क्षेत्र में नेतृत्व करने के लिए तैयार हैं।

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