उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में शुक्रवार शाम एक खूनी संघर्ष में एक युवक की जान चली गई। Ghaziabad Murder Case ने साहिबाबाद थाना क्षेत्र में सनसनीखेज स्थिति पैदा कर दी है, जहां एक विवादित जमीन को लेकर हुए झगड़े में हिंदू रक्षा दल के एक कार्यकर्ता की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान 22 वर्षीय आयुष वाल्मीकि के रूप में हुई है, जो मूल रूप से दिल्ली के गोकुलपुरी इलाके का निवासी था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या के आरोपी को हिरासत में ले लिया है और इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
विवाद की जड़: 180 गज और 280 गज जमीन का पेंच पुलिस के अनुसार, इस पूरे Ghaziabad Murder Case की मुख्य वजह एक खाली जमीन का टुकड़ा है। साहिबाबाद के एसीपी अमित सक्सेना ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि नमिता शर्मा नामक एक महिला ने 180 गज का एक प्लॉट हिंदू रक्षा दल के अध्यक्ष पिंकी चौधरी की पत्नी पूनम को बेचा था। इस सौदे के संबंध में पिंकी चौधरी का दावा है कि वह नमिता शर्मा को करोड़ों रुपये का भुगतान कर चुके हैं।
आज दिनांक 16.10.2026 को शाम लगभग 3:30 बजे थाना साहिबाबाद क्षेत्र में मोहननगर चौकी क्षेत्र से लड़ाई-झगड़ा और गोली चलने की सूचना प्राप्त हुई थी। पुलिस द्वारा तत्काल संज्ञान लेते हुए मौके पर जाकर इसकी जांच की गई तो पता चला कि भूपेंद्र चौधरी और नमिता शर्मा दोनों के ही एक ही जगह पर… pic.twitter.com/MBUXxY1ryu
— POLICE COMMISSIONERATE GHAZIABAD (@ghaziabadpolice) October 16, 2026
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असली विवाद इस प्लॉट के ठीक बगल में स्थित 280 गज की खाली जमीन को लेकर है। यह खाली जमीन असल में ग्रीन बेल्ट का हिस्सा है। इस ग्रीन बेल्ट की जमीन पर नमिता शर्मा और पिंकी चौधरी, दोनों ही अपना-अपना मालिकाना हक जताते हैं। इस मालिकाना हक को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले भी कई बार कहासुनी और विवाद हो चुका है। शुक्रवार शाम को भी इसी प्लॉट पर कब्जे को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए।
गाली-गलौज से शुरू हुआ झगड़ा फायरिंग तक पहुंचा घटनाक्रम के अनुसार, शुक्रवार शाम करीब 7 बजे नमिता शर्मा की तरफ से आरोपी राहुल साहनी कुछ लोगों को लेकर विवादित प्लॉट पर पहुंचा था। इसकी जानकारी मिलते ही पिंकी चौधरी और हिंदू रक्षा दल के अन्य कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए। दोनों पक्षों के आमने-सामने आते ही तीखी बहस और गाली-गलौज शुरू हो गई, जिसने जल्द ही हाथापाई का रूप ले लिया।
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इसी हिंसक झड़प के दौरान राहुल साहनी ने कथित तौर पर अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाल ली और फायरिंग कर दी। इस फायरिंग में एक गोली आयुष वाल्मीकि को जा लगी। आयुष को आनन-फानन में गंभीर हालत में एक नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
भीड़ के हत्थे चढ़ा आरोपी, पुलिस ने बचाकर किया गिरफ्तार फायरिंग के तुरंत बाद जब आरोपी राहुल साहनी ने मौके से भागने का प्रयास किया, तो वहां मौजूद हिंदू रक्षा दल के अन्य कार्यकर्ताओं ने उसे पकड़ लिया। भीड़ ने आरोपी की जमकर पिटाई की। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और भारी मशक्कत के बाद आरोपी को भीड़ के चंगुल से बचाकर अपनी हिरासत में ले लिया।
एसीपी अमित सक्सेना ने स्पष्ट किया है कि पीड़ित पक्ष की तरफ से मिलने वाली तहरीर के आधार पर पुलिस मुकदमा दर्ज कर रही है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और निष्पक्ष रूप से कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हथियार बांटने के मामले में जेल जा चुके हैं पिंकी चौधरी इस मामले में शामिल हिंदू रक्षा दल के अध्यक्ष पिंकी चौधरी पहले भी पुलिस कार्रवाई का सामना कर चुके हैं। पिछले साल 29 दिसंबर 2025 को उनका एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह गाजियाबाद के शालीमार गार्डन इलाके में समर्थकों के साथ घर-घर जाकर तलवार और फरसे बांटते नजर आए थे।
उस दौरान उनके समर्थक 'भारत माता की जय' के नारे लगाते हुए घरों के दरवाजे खटखटा रहे थे। पिंकी चौधरी ने तब लोगों से कहा था कि अगर 'बांग्लादेश जैसी स्थिति' पैदा होती है, तो यह तलवार विधर्मियों से बहन-बेटियों की सुरक्षा के लिए है। इस कृत्य के चलते गाजियाबाद पुलिस ने 6 जनवरी को पिंकी चौधरी और उनके बेटे को गिरफ्तार किया था। बाद में 15 जनवरी को जमानत पर बाहर आने के बाद उन्होंने एक 25 किलोमीटर लंबा शक्ति प्रदर्शन जुलूस भी निकाला था।
Sabse pehle comment karne wale banein.