Bijnor Road Accident: उत्तर प्रदेश के बिजनौर (Bijnor) जिले में तेज रफ्तार और भारी वाहनों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। यातायात नियमों की अनदेखी और रात के समय वाहनों की तेज गति अक्सर बड़े हादसों का कारण बन रही है। ऐसा ही एक बेहद दर्दनाक और भीषण सड़क हादसा बिजनौर जिले के मंडावली और नजीबाबाद थाना क्षेत्रों के बॉर्डर पर सामने आया है। यहां कोटद्वार रोड (Kotdwar Road) पर एक गोल तार (केबल/वायर) से लदा भारी-भरकम टैंकर अचानक अनियंत्रित होकर पलट गया।

​रिपोर्टर शकील अहमद से मिली जानकारी के अनुसार, इस खौफनाक हादसे में टैंकर में सवार एक 30 वर्षीय युवक की भारी तारों और टैंकर के नीचे दबने से दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और भारी भीड़ जमा हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू किया।

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​देर रात 11 बजे हुआ खौफनाक हादसा

पुलिस से प्राप्त प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, यह भीषण सड़क दुर्घटना मंगलवार देर रात करीब 11 बजे घटी। भारी मात्रा में गोल तार लेकर जा रहा एक टैंकर बिजनौर से कोटद्वार की दिशा में आगे बढ़ रहा था। जैसे ही यह भारी वाहन मंडावली और नजीबाबाद बॉर्डर पर स्थित कोटद्वार रोड के गोल चक्कर (Roundabout) के पास पहुंचा, चालक ने वाहन पर से अपना नियंत्रण खो दिया।

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चश्मदीदों का कहना है कि वाहन की गति तेज होने के कारण गोल चक्कर पर मुड़ते समय टैंकर का संतुलन बिगड़ गया और वह तेज धमाके के साथ सड़क के किनारे पलट गया। टैंकर पलटते ही उसमें लदा सारा गोल तार सड़क पर बिखर गया, जिससे मौके पर अफरातफरी का माहौल पैदा हो गया।

​हाथरस के रहने वाले रविंद्र पुनिया ने गंवाई जान

इस दर्दनाक हादसे में टैंकर के केबिन में सवार करीब 30 वर्षीय रवि उर्फ रविंद्र पुनिया (Ravindra Punia) बुरी तरह दब गया। हादसे की भयावहता इतनी अधिक थी कि अत्यधिक खून बह जाने और गंभीर चोटें आने के कारण रविंद्र ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

मृतक की पहचान हाथरस (Hathras) जनपद के मुरसान इलाके की संतोसी माता वाली गली निवासी रवि उर्फ रविंद्र पुनिया के रूप में हुई है। वह अपने परिवार के भरण-पोषण के लिए इस वाहन पर काम करता था।

​पत्नी और तीन बच्चों के सिर से उठा पिता का साया

घटना की मनहूस खबर जैसे ही बिजनौर पुलिस के माध्यम से हाथरस स्थित रविंद्र के गांव पहुंची, उसके परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। बताया जा रहा है कि मृतक रविंद्र अपने परिवार का मुख्य कमाऊ सदस्य था। उसके परिवार में उसकी पत्नी के अलावा दो छोटे बेटे और एक बेटी है। इस अचानक हुए हादसे ने हंसते-खेलते परिवार पर दुखों का पहाड़ तोड़ दिया है और तीन मासूम बच्चों के सिर से हमेशा के लिए पिता का साया छिन गया है।

​पुलिस प्रशासन की कार्रवाई और सीओ का बयान

रात के समय हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस, हाईवे पेट्रोलिंग टीम और नजीबाबाद के सीओ (क्षेत्राधिकारी) मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने स्थानीय लोगों और क्रेन की मदद से पलटे हुए टैंकर को सीधा करवाया और उसमें दबे रविंद्र के शव को बाहर निकाला।

इस पूरे हादसे पर सीओ नजीबाबाद सुनील कुमार सिंह (CO Sunil Kumar Singh) ने बताया कि घटना मंगलवार रात की है। पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की है। मृतक के शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम (Post-mortem) के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी में भिजवा दिया गया है। पुलिस ने मृतक के परिजनों को हादसे की सूचना दे दी है और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को क्रेन की मदद से सड़क से हटाकर यातायात को पूरी तरह सुचारू कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस हादसे के स्पष्ट कारणों की जांच कर रही है।

​डिस्क्लेमर (Disclaimer):

यह समाचार बिजनौर के स्थानीय रिपोर्टर शकील अहमद से प्राप्त प्राथमिक सूचनाओं, चश्मदीदों के बयानों और पुलिस प्रशासन की कार्रवाई पर आधारित है।

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