UP Minimum Wage Hike: उत्तर प्रदेश के लाखों मजदूरों और कामगारों के लिए एक बेहद राहत भरी खबर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) की सरकार ने दिवाली के त्योहार से ठीक पहले प्रदेश के श्रमिकों को न्यूनतम मजदूरी में बढ़ोतरी का बड़ा तोहफा दिया है। राज्य सरकार ने परिवर्तनीय महंगाई भत्ते (Variable Dearness Allowance - VDA) के आधार पर प्रदेश में काम करने वाले अकुशल (Unskilled), अर्द्धकुशल (Semi-skilled) और कुशल (Skilled) श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी दरें बढ़ा दी हैं। श्रम विभाग द्वारा इसका आधिकारिक शासनादेश जारी कर दिया गया है।
यह बढ़ी हुई मजदूरी दरें 1 अक्टूबर 2026 से पूरे प्रदेश में लागू मानी जाएंगी और 31 मार्च तक प्रभावी रहेंगी। इस फैसले से यूपी के 74 अधिसूचित विभागों, कारखानों, उद्योगों और प्रतिष्ठानों में काम करने वाले मजदूरों को हर महीने 174 रुपये से लेकर 238 रुपये तक का सीधा फायदा होगा।
जंतर–मंतर गेम खेलें। पुलिस बनकर कॉकरोचों को पहचानो या आंदोलनकारी बनकर पहुंचो जंतर मंतर। खेलें ▶मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी के नेतृत्व में श्रम विभाग,उत्तर प्रदेश द्वारा श्रमिकों के आर्थिक हितों के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए राज्य के 74 अनुसूचित नियोजनों में कार्यरत श्रमिकों के लिए परिवर्तनीय महंगाई भत्ते (VDA) की संशोधित दरें निर्धारित की गई हैं।… pic.twitter.com/krpkf2her5
— Government of UP (@UPGovt) October 27, 2026
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क्यों बढ़ाई गई न्यूनतम मजदूरी?
श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी में यह संशोधन जनवरी से जून तक के भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (Consumer Price Index) के आधार पर बढ़ती महंगाई को देखते हुए किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि बढ़ती महंगाई के बीच मजदूरों के जीवन स्तर और उनकी बुनियादी जरूरतों पर कोई असर न पड़े।
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राज्य सरकार ने जिलों को तीन अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर मजदूरी दरों का निर्धारण किया है। आइए जानते हैं कि किस जिले में श्रमिकों को अब कितनी न्यूनतम मजदूरी मिलेगी:
1. नोएडा (गौतम बुद्ध नगर) और गाजियाबाद में नई दरें
एनसीआर के इन प्रमुख औद्योगिक जिलों में जीवन-यापन की लागत अधिक होने के कारण मजदूरी दरें सबसे ज्यादा रखी गई हैं:
- अकुशल श्रमिक (Unskilled): न्यूनतम मासिक मजदूरी ₹13,690 से बढ़ाकर ₹13,883 कर दी गई है (₹193 का इजाफा)।
- अर्द्धकुशल श्रमिक (Semi-skilled): मजदूरी ₹15,059 से बढ़ाकर ₹15,271 कर दी गई है (₹212 का इजाफा)।
- कुशल श्रमिक (Skilled): मजदूरी ₹16,868 से बढ़ाकर ₹17,106 कर दी गई है (₹238 का इजाफा)।
2. नगर निगम वाले अन्य जिलों में नई दरें (नोएडा-गाजियाबाद को छोड़कर)
लखनऊ, कानपुर, आगरा, मेरठ जैसे नगर निगम वाले अन्य जिलों के लिए निम्नलिखित दरें तय की गई हैं:
- अकुशल श्रमिक: मजदूरी ₹13,006 से बढ़ाकर ₹13,190 की गई है।
- अर्द्धकुशल श्रमिक: मजदूरी ₹14,306 से बढ़ाकर ₹14,507 की गई है।
- कुशल श्रमिक: मजदूरी ₹16,025 से बढ़ाकर ₹16,251 तय की गई है। (इन जिलों में श्रमिकों को प्रतिमाह ₹183 से लेकर ₹226 तक की बढ़ोतरी का लाभ मिलेगा।)
3. उत्तर प्रदेश के शेष (बाकी) जिलों में नई दरें
प्रदेश के ग्रामीण और नगर पालिका/नगर पंचायत वाले अन्य सभी जिलों के श्रमिकों के लिए दरें इस प्रकार हैं:
- अकुशल श्रमिक: मजदूरी ₹12,356 से बढ़ाकर ₹12,530 कर दी गई है।
- अर्द्धकुशल श्रमिक: मजदूरी ₹13,590 से बढ़ाकर ₹13,782 की गई है।
- कुशल श्रमिक: मजदूरी ₹15,224 से बढ़ाकर ₹15,438 कर दी गई है। (इन क्षेत्रों के मजदूरों को हर महीने ₹174 से लेकर ₹214 तक का सीधा लाभ होगा।)
डिस्क्लेमर (Disclaimer):
यह समाचार उत्तर प्रदेश श्रम विभाग द्वारा जारी शासनादेश और आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। मजदूरी से संबंधित किसी भी विवाद या स्पष्टीकरण के लिए श्रम विभाग के स्थानीय कार्यालय से संपर्क करें।


Sabse pehle comment karne wale banein.