मेरठ (23 जुलाई 2026): भारतीय सेना का अनुशासन, उसकी कार्यप्रणाली और अपने सैन्य परिवारों के प्रति समर्पण हमेशा से पूरे देश के लिए एक मिसाल रहा है। मेरठ छावनी (Meerut Cantt) क्षेत्र में इसी समर्पण की एक खूबसूरत झलक तब देखने को मिली, जब मुख्यालय पश्चिम उत्तर प्रदेश सब एरिया (HQ Paschim UP Sub Area) द्वारा सैन्य कर्मियों के उन मेधावी बच्चों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने अपनी असाधारण प्रतिभा से न सिर्फ अपने माता-पिता बल्कि पूरी सेना का मान बढ़ाया है।READ ALSO:-सिर्फ 10 रुपये ने ले ली 10 साल की मासूम की जान! शिक्षकों की बेरहम पिटाई और अपमान से आहत होकर चौथी क्लास की छात्रा ने लगाया मौत को गले
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यह भव्य सम्मान समारोह आर्मी पब्लिक स्कूल (Army Public School), मेरठ के प्रांगण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शैक्षणिक सत्र 2025–26 के दौरान उत्कृष्ट शैक्षणिक (Academic) और सह-पाठ्यक्रम (Co-curricular) उपलब्धियां हासिल करने वाले बच्चों की हौसलाअफजाई करना था।
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वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति

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इस प्रतिष्ठित और गरिमामय समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मेजर जनरल सुमित राणा (जनरल ऑफिसर कमांडिंग - GOC, मुख्यालय पश्चिम उत्तर प्रदेश सब एरिया, मेरठ) ने शिरकत की। उनके आगमन ने कार्यक्रम में एक नई ऊर्जा भर दी। उनके साथ ब्रिगेडियर संजीव कुमार सिंह (उप जनरल ऑफिसर कमांडिंग - Deputy GOC) सहित कई अन्य वरिष्ठ सैन्य अधिकारी, स्कूलों के प्रधानाचार्य, शिक्षकगण और गौरवान्वित अभिभावक उपस्थित रहे।
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समारोह का भव्य शुभारंभ विद्यालय के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत किए गए एक मनमोहक और ऊर्जावान सांस्कृतिक कार्यक्रम से हुआ। बच्चों की शानदार प्रस्तुतियों ने सभागार में मौजूद हर एक व्यक्ति को मंत्रमुग्ध कर दिया और कार्यक्रम को एक उत्सव का रूप दे दिया।
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95% का जादुई आंकड़ा: 11 मेधावी छात्रों पर हुई नकद पुरस्कारों की बारिश

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भारतीय सेना के बच्चों का जीवन अक्सर तबादलों और नई जगहों के अनुसार ढलने की चुनौतियों से भरा होता है। इसके बावजूद इन बच्चों ने पढ़ाई में जो मुकाम हासिल किया है, वह काबिले तारीफ है।
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इस अवसर पर मेरठ कैंट के विभिन्न प्रतिष्ठित विद्यालयों के 11 ऐसे होनहार विद्यार्थियों को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया, जिन्होंने हाल ही में संपन्न हुई कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में 95 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त कर अपनी मेधा का लोहा मनवाया है।
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जिन स्कूलों के बच्चों ने यह गौरव हासिल किया, उनमें शामिल हैं:

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    आर्मी पब्लिक स्कूल (APS), मेरठ
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    केंद्रीय विद्यालय (KV) डोगरा लाइंस
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  • \r\n
  • \r\n
    केंद्रीय विद्यालय (KV) पंजाब लाइंस
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    दीवान पब्लिक स्कूल
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  • \r\n
  • \r\n
    सेंट मैरीज़ अकादमी
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  • \r\n
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पुरस्कार राशि का विवरण: छात्रों की इस कड़ी मेहनत को सराहते हुए मुख्यालय पश्चिम यूपी सब एरिया की ओर से उन्हें प्रोत्साहन राशि के चेक प्रदान किए गए:
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    कक्षा 10 के मेधावी विद्यार्थियों को ₹5,100 की प्रोत्साहन राशि का चेक दिया गया।
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    कक्षा 12 के उत्कृष्ट विद्यार्थियों को ₹11,000 की प्रोत्साहन राशि का चेक भेंट किया गया।
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किताबी ज्ञान से आगे: 'रॉकेट साइंस' और 'एस्ट्रोफिजिक्स' में सेना के बच्चों का डंका

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आज का युग विज्ञान, तकनीक और इनोवेशन (Innovation) का युग है। सेना के बच्चे सिर्फ किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे विज्ञान के क्षेत्र में भी बड़े-बड़े मुकाम हासिल कर रहे हैं।
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समारोह का एक बेहद खास पल वह था, जब राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित विज्ञान प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का परचम लहराने वाले चार विशेष विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इन बच्चों ने निम्नलिखित जटिल और अत्याधुनिक प्रतियोगिताओं में अपनी श्रेष्ठता साबित की है:
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  1. \r\n
    एटीएल मैराथन (ATL Marathon)
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  2. \r\n
  3. \r\n
    चेंजमेकर वर्ल्ड कप (Changemaker World Cup)
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  4. \r\n
  5. \r\n
    शक्तिसैट एस्ट्रोफिजिक्स एवं रॉकेट साइंस मिशन (ShaktiSat Astrophysics & Rocket Science Mission)
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  6. \r\n
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किसी भी छात्र की सफलता के पीछे एक योग्य गुरु का हाथ होता है। इसी बात को चरितार्थ करते हुए इन नन्हें वैज्ञानिकों की सफलता में महत्वपूर्ण योगदान देने वाली विद्यालय की होनहार शिक्षिकाओं— सुश्री युक्ति और सुश्री कविता शर्मा को भी उनके समर्पित मार्गदर्शन, अथक प्रयासों और नवीन शिक्षण शैली के लिए मुख्य अतिथि द्वारा सम्मानित किया गया।
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विज्ञान और नवाचार को लगे पंख: GOC की ओर से विशेष अनुदान की घोषणा

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कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि मेजर जनरल सुमित राणा ने विद्यार्थियों द्वारा विकसित किए गए विभिन्न नवाचार प्रोजेक्ट्स (Innovation Projects) और विज्ञान मॉडल्स का बेहद बारीकी से अवलोकन किया। वे बच्चों की वैज्ञानिक सोच, उनके आइडियाज और तकनीक की गहरी समझ से अत्यंत प्रभावित हुए।
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बच्चों में विज्ञान के प्रति इस ललक को और अधिक बढ़ावा देने तथा विद्यालय के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के उद्देश्य से, मेजर जनरल सुमित राणा ने मंच से एक बड़ी और महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने विद्यालय की विज्ञान प्रयोगशालाओं को अपग्रेड करने के लिए विशेष अनुदान (Grants) प्रदान किए:
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    एस्ट्रोनॉमी लैब (Astronomy Lab) के लिए ₹21,000 की अनुदान राशि।
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  • \r\n
  • \r\n
    एटीएल लैब (Atal Tinkering Lab) को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस करने के लिए ₹51,000 की विशेष अनुदान राशि।
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इस घोषणा से विद्यालय प्रबंधन, शिक्षकों और छात्रों में खुशी की लहर दौड़ गई, क्योंकि यह फंड भविष्य में नए और बड़े वैज्ञानिक प्रयोगों के लिए मील का पत्थर साबित होगा।
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"अनुशासन और नवाचार से मिलेगी हर सफलता": मेजर जनरल सुमित राणा का प्रेरणादायी संदेश

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समारोह के अंतिम चरण में, मुख्य अतिथि मेजर जनरल सुमित राणा ने सभागार को संबोधित किया। उनका भाषण युवाओं के लिए किसी मास्टरक्लास से कम नहीं था।
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अपने प्रेरणादायी संबोधन में उन्होंने सभी सम्मानित विद्यार्थियों, उनके माता-पिता और शिक्षकों को बधाई दी। उन्होंने कहा, "सेना का जीवन हमें हर परिस्थिति में ढलना सिखाता है। आप बच्चों ने जो 95% से अधिक अंक हासिल किए हैं और जिन वैज्ञानिक प्रतियोगिताओं में देश का नाम रोशन किया है, वह आपके दृढ़ संकल्प को दर्शाता है।"
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उन्होंने विद्यार्थियों को सफलता का मूल मंत्र देते हुए कहा कि जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में उत्कृष्टता (Excellence) प्राप्त करने के लिए तीन चीजें सबसे ज्यादा जरूरी हैं— निरंतर परिश्रम (Continuous Hard Work), सेना जैसा कड़ा अनुशासन (Discipline), और नवाचार (Innovation) की भावना। उन्होंने बच्चों को हमेशा बड़े सपने देखने और राष्ट्र निर्माण में अपना सकारात्मक योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
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आर्मी पब्लिक स्कूल मेरठ कैंट में आयोजित यह सम्मान समारोह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह इस बात का प्रमाण था कि भारतीय सेना अपने जवानों के परिवारों के कल्याण के लिए कितनी प्रतिबद्ध है।
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बच्चों की आंखों में चमक, माता-पिता के चेहरों पर गर्व के भाव और शिक्षकों की संतुष्टि के साथ इस भव्य समारोह का समापन एक बेहद उत्साहपूर्ण और सकारात्मक वातावरण में हुआ। यह दिन मेरठ कैंट के इतिहास में उन मेधावी छात्रों के लिए एक सुनहरी याद बनकर दर्ज हो गया, जो आने वाले कल में देश का भविष्य संवारने वाले हैं।
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