मेरठ के प्रतिष्ठित केएल इंटरनेशनल स्कूल में बुधवार (9 अक्टूबर) को भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस), गाजियाबाद शाखा के तत्वावधान में एक विशेष 'BIS Standard Writing Competition' (मानक लेखन प्रतियोगिता) का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य विषय 'इलेक्ट्रिक प्रेस (आयरन)' और उसके गुणवत्ता मानक थे। कार्यक्रम का उद्देश्य स्कूली स्तर से ही युवाओं को आईएसआई (ISI) मार्क और सुरक्षित उत्पादों के चयन के प्रति जागरूक करना था।

अधिकारियों ने दी महत्वपूर्ण जानकारी प्रतियोगिता का विधिवत उद्घाटन विद्यालय के सीनियर विंग समन्वयक दिनेश नरूला और बीआईएस के संदर्भ व्यक्ति मुकंद वल्लभ शर्मा द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। अपने संबोधन में दिनेश नरूला ने इस तरह की प्रतियोगिताओं को छात्रों के मानसिक विकास के लिए बेहद ज्ञानवर्धक बताया और बीआईएस की इस पहल की सराहना की।

विद्यालय के प्रधानाचार्य सुधांशु शेखर के दिशा-निर्देशन और मेंटोर तरू रस्तोगी के कुशल संयोजन में यह पूरा कार्यक्रम संपन्न हुआ। तरू रस्तोगी ने विद्यार्थियों को भारतीय मानक ब्यूरो की कार्यप्रणाली और हमारे दैनिक जीवन में आईएसआई मार्क वाले उत्पादों की अहमियत के बारे में विस्तार से समझाया।

इलेक्ट्रिक प्रेस के मानक और BIS Care App का उपयोग कार्यक्रम के दौरान बीआईएस प्रतिनिधि मुकंद वल्लभ शर्मा ने छात्र-छात्राओं को इलेक्ट्रिक आयरन (प्रेस) के लिए निर्धारित तकनीकी मानकों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऑटोमैटिक हो या नॉन-ऑटोमैटिक, बिना बीआईएस मानक और आईएसआई मार्क के इलेक्ट्रिक आयरन की बिक्री करना पूरी तरह से गैरकानूनी है।

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उन्होंने बच्चों को बताया कि एक सुरक्षित प्रेस की सोल प्लेट, बाहरी बॉडी, कवर, हीटिंग एलिमेंट और बिजली के तार का सरकार द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप होना कितना जरूरी है। इसके साथ ही, उन्होंने छात्रों को स्मार्टफोन के जरिए 'BIS CARE App' का उपयोग करके किसी भी उत्पाद पर लगे असली आईएसआई मार्क की प्रामाणिकता जांचने का तरीका भी सिखाया।

प्रतियोगिता के विजेता और पुरस्कार वितरण इस 'BIS Standard Writing Competition' में स्कूल के अधिकांश विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया और इलेक्ट्रिक प्रेस के मानकों पर अपने विचार प्रस्तुत किए।

प्रतियोगिता के परिणामों में अनुष्का दलाल और उन्नति अरोरा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया और 1500 रुपये का पुरस्कार जीता। वहीं, प्रत्याशा भार और त्रिवेणी दत्ता को द्वितीय स्थान (1000 रुपये), तथा वर्षा और पौर्नी कौशिक को तृतीय स्थान (750 रुपये) प्राप्त हुआ। अस्मित अग्रवाल को 250 रुपये का सांत्वना पुरस्कार दिया गया।

कार्यक्रम के अंत में सभी विजेता और प्रतिभागी छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इस मौके पर विज्ञान समन्वयक मोहम्मद इलियास अहमद, शशांक शर्मा, सचिन शर्मा, शाहराज़ कासिम और मोनिका गिल समेत कई शिक्षक मौजूद रहे। सीनियर विंग समन्वयक दिनेश नरूला ने बीआईएस गाजियाबाद की टीम का विशेष आभार व्यक्त किया।

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