मेरठ। मेरठ कैंट स्थित ऋषभ एकेडमी के प्रांगण में बुधवार, 7 अक्टूबर 2026 को 108 आचार्य श्री सौरभ सागर जी महाराज का मंगल आगमन हुआ। विद्यालय की प्रबंध समिति के सदस्यों, शिक्षक-शिक्षिकाओं और विद्यार्थियों ने आचार्य श्री का स्वागत किया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में धार्मिक, सांस्कृतिक और शैक्षिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
आचार्य श्री के विद्यालय पहुंचने पर प्रबंध समिति के सदस्यों और अध्यापकों ने विद्यालय के द्वार पर पाद-प्रक्षालन किया। इसके बाद परम श्रद्धेय श्री राजेंद्र जैन, विद्यालय अध्यक्ष दिनेश चंद्र जैन, सचिव डॉ. संजय कुमार जैन और कोषाध्यक्ष योगेंद्र प्रकाश जैन ने आचार्य श्री पुष्पदंत सागर जी महाराज एवं मंशार्पूण महावीर भगवान के चित्र का अनावरण कर दीप प्रज्ज्वलित किया।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से हुआ स्वागत
विद्यालय के प्रधानाचार्य शरद त्यागी, उप प्रधानाचार्य पवन कपूर और शिक्षक-शिक्षिकाओं ने आचार्य श्री के चरणों में श्रीफल भेंट किए। इसके बाद विद्यार्थियों और अध्यापिकाओं ने स्वागत गान, भक्ति गीत, नाटिका, आरती और नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
कार्यक्रम के दौरान आचार्य श्री सौरभ सागर जी महाराज ने विद्यार्थियों को मंगल प्रवचन दिए। उनके प्रवचन का मुख्य आधार शिक्षक के माध्यम से ज्ञान प्राप्त कर जीवन का सही दृष्टिकोण विकसित करना रहा।
Follow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join ›
ज्ञान को बताया जीवन की दिशा देने वाला माध्यम
आचार्य श्री ने विद्यार्थियों से कहा कि ज्ञान विरासत में नहीं मिलता, बल्कि उसे सीखने और समझने की प्रक्रिया से प्राप्त किया जाता है। उन्होंने शिक्षा से प्राप्त ज्ञान की तुलना पतंग की डोर से करते हुए विद्यार्थियों को इसे मजबूती से थामे रखने का संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि व्यक्ति चाहे अनैतिकता के रास्ते पर कितना ही आगे क्यों न बढ़ जाए, लेकिन जब वह शिक्षा और ज्ञान की डोर को समेटना शुरू करता है तो उसे स्वयं को समझने का अवसर मिलता है। आचार्य श्री ने विद्यार्थियों को विभिन्न कहानियों के माध्यम से व्यावहारिक और धार्मिक शिक्षा भी दी।
मंगल प्रवचन के बाद विद्यार्थियों ने आचार्य श्री से अपनी जिज्ञासाओं से जुड़े प्रश्न पूछे और उनका समाधान प्राप्त किया।
🏪 आपके शहर के ऑफर
संस्कार शिविर और आयुर्वेद कैंप का आयोजन
Rishabh Academy Meerut में इस अवसर पर संस्कार शिविर और आयुर्वेद कैंप का भी आयोजन किया गया। आयुर्वेद कैंप में डॉ. यशिका जैन और मेघा जैन की विशेष भूमिका रही।
संस्कार शिविर में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने विद्यार्थियों के बीच अच्छे संस्कार और जीवन मूल्यों से जुड़े विचार साझा किए। इस दौरान उप प्रधानाचार्य पवन कपूर, श्रीमती आशा गर्ग सहित अन्य शिक्षकों ने विद्यार्थियों को सकारात्मक जीवन मूल्यों के प्रति प्रेरित किया।
गुरु भक्ति कार्यक्रम में काव्य और भजन
संध्या के समय आयोजित गुरु भक्ति कार्यक्रम में डॉ. सौरभ जैन और डॉ. अनामिका जैन अंबर ने काव्य पाठ किया। अंकिता जैन ने गुरुवर के चरणों में भजन प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में श्रद्धा और भक्ति से जुड़े विभिन्न आयोजन किए गए।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण राजस्थान से आए लोक नृतकों की प्रस्तुति रही। लोक कलाकारों की प्रस्तुति ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
लकी ड्रॉ में करीब 250 विजेता पुरस्कृत
कार्यक्रम का संचालन विद्यालय अध्यक्ष दिनेश चंद्र जैन ने किया। कार्यक्रम के संयोजन में श्रीमती वर्षा जैन और श्रीमती चारू जैन का विशेष सहयोग रहा।
इस अवसर पर आयोजित लकी ड्रॉ में लगभग 250 विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में जैन समाज के सम्मानित सदस्यों के साथ ऋषभ परिवार से जुड़े बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। विद्यालय परिसर में कार्यक्रम में आए सभी आगंतुकों के लिए जलपान की व्यवस्था भी की गई।
Sabse pehle comment karne wale banein.