Kanwar Yatra 2026: सावन का महीना शिव भक्तों के लिए आस्था और श्रद्धा का प्रतीक माना जाता है। लेकिन इस साल कांवड़ यात्रा के दौरान उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई प्रमुख शहरों से हंगामे, मारपीट और हिंसा की जो तस्वीरें सामने आ रही हैं, वे चिंताजनक हैं। मेरठ, लखनऊ, गाजियाबाद और रुड़की में अलग-अलग घटनाओं में कांवड़ियों द्वारा मारपीट, पथराव और तोड़फोड़ की खबरें सामने आई हैं।READ ALSO:-वंश कुशवाहा हत्याकांड: पीड़ित मां के आंसुओं से पिघला आयोग, मेरठ के अधिकारी दिल्ली तलब; 'एफआईआर को महीना, कार्रवाई शून्य: रविकांत
\r\n\r\n\r\n\r\n
इन हिंसक घटनाओं के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। घटनाओं के तुरंत बाद पुलिस महकमा हरकत में आया है और जांच शुरू कर दी गई है। कई जगहों पर सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई है। लेकिन इन सबके बीच यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि आखिर आस्था के नाम पर होने वाली इस यात्रा के दौरान हर साल तोड़फोड़ और उत्पात क्यों देखने को मिलता है?
\r\n\r\n 
1. मेरठ: पुलिसकर्मियों को जीप से खींचकर पीटा
\r\n\r\nसबसे हैरान करने वाली घटना उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के दौराला थाना क्षेत्र से सामने आई है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n क्या हुआ: पुलिस के अनुसार, हरिद्वार से जल लेकर लौट रहे दो कांवड़ियों की आपस में टक्कर हो गई थी। इसी बीच एक बाइक सवार पर टक्कर मारने का आरोप लगा दिया गया।\r\n \r\n
- \r\n पुलिस की पिटाई: विवाद की सूचना पाकर दो पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में सरकारी जीप से मौके पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि आरोपी बाइक सवार के वहां से चले जाने के बाद कांवड़ियों का गुस्सा पुलिस पर ही फूट पड़ा। आरोप है कि गुस्साई भीड़ ने दोनों पुलिसकर्मियों को जीप से बाहर खींच लिया और उनके साथ जमकर मारपीट की।\r\n \r\n
- \r\n कार्रवाई: इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है, जिसके आधार पर पुलिस आरोपियों की पहचान कर रही है।\r\n \r\n
2. लखनऊ: मासूम बच्चों से भरी स्कूल वैन पर पथराव
\r\n\r\nराजधानी लखनऊ में कांवड़ यात्रा के दौरान एक ऐसी घटना घटी जिसने लोगों को सहमा दिया।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n क्या हुआ: चरक चौराहे के पास कांवड़ियों ने बच्चों से भरी एक स्कूल वैन पर अचानक पथराव कर दिया।\r\n \r\n
- \r\n मासूमों में दहशत: पथराव के कारण वैन के शीशे चकनाचूर हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, वाहन के अंदर बैठे मासूम बच्चे बुरी तरह घबरा गए और डर के मारे रोने लगे। मौके पर भारी अफरा-तफरी का माहौल बन गया।\r\n \r\n
- \r\n कार्रवाई: घटना के बाद वैन चालक वहां से किसी तरह निकला। बाद में स्थानीय लोगों और पुलिस के हस्तक्षेप से स्थिति सामान्य हुई। पुलिस घटना में शामिल उपद्रवियों की पहचान करने में जुटी है।\r\n \r\n
🏪 आपके शहर के ऑफर
विज्ञापन · स्थानीय दुकानों की ताज़ा स्कीम · स्वाइप करें →
सभी ऑफर देखें →
3. गाजियाबाद: 50 मिनट फंसी रही एंबुलेंस, चालक की पिटाई
\r\n\r\nगाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ मार्ग (रेलवे रोड के सामने) सोमवार सुबह भारी हंगामा देखने को मिला।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n क्या हुआ: एक एंबुलेंस ने पीछे से कांवड़ियों की ट्रॉली को हल्की टक्कर मार दी, जिससे एक कांवड़ क्षतिग्रस्त हो गई।\r\n \r\n
- \r\n एंबुलेंस चालक से मारपीट: इससे कांवड़िए भड़क गए और उन्होंने एंबुलेंस चालक की सड़क पर ही पिटाई कर दी।\r\n \r\n
- \r\n मरीज की जान से खिलवाड़: इस हंगामे के कारण दिल्ली-मेरठ मार्ग पर लगभग एक किलोमीटर लंबा जाम लग गया और यह जाम करीब 50 मिनट तक रहा। सबसे बड़ी चिंता की बात यह रही कि जिस एंबुलेंस को टक्कर के बाद रोका गया था, उसमें मरीज मौजूद था और वह भी 50 मिनट तक उसी जाम में फंसा रहा।\r\n \r\n
4. रुड़की: कार में जमकर की गई तोड़फोड़
\r\n\r\nउत्तराखंड के रुड़की शहर में भी कांवड़ यात्रा के दौरान भारी विवाद की स्थिति बन गई।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n क्या हुआ: हरिद्वार से लौट रहे कांवड़ियों की एक कार से मामूली टक्कर हो गई, जिससे एक कांवड़ खंडित (क्षतिग्रस्त) हो गई।\r\n \r\n
- \r\n तोड़फोड़: गुस्साए कांवड़ियों ने बीच सड़क पर उस कार में लाठी-डंडों से जमकर तोड़फोड़ शुरू कर दी।\r\n \r\n
- \r\n हैरतअंगेज तथ्य: घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभाला। पुलिस जांच में एक हैरान करने वाली बात यह सामने आई कि जिस कार से टक्कर हुई थी, उसमें सवार लोग भी कांवड़िए ही थे। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
पुलिस का एक्शन और सुरक्षा पर उठते सवाल
\r\n\r\nइन सभी घटनाओं के वीडियो इंटरनेट पर छाए हुए हैं, जिनमें कुछ लोग खुलेआम कानून की धज्जियां उड़ाते, सड़क पर हंगामा और मारपीट करते नजर आ रहे हैं।
\r\n\r\n\r\n\r\n
गाजियाबाद, मेरठ, लखनऊ और रुड़की पुलिस ने अपने-अपने क्षेत्रों में मामलों की जांच तेज कर दी है। पुलिस अधिकारियों का साफ कहना है कि वायरल वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। कानून हाथ में लेने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
\r\n\r\n\r\n\r\n
लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने कांवड़ यात्रा के दौरान प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। धार्मिक आस्था की आड़ में सड़क पर मारपीट, पुलिस से हाथापाई, एंबुलेंस रोकना और बच्चों की स्कूल वैन पर पथराव करना न सिर्फ आम जनता की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है, बल्कि यह पवित्र कांवड़ यात्रा की मूल भावना को भी ठेस पहुंचाता है। अगर कोई विवाद होता भी है, तो उसका समाधान कानून के दायरे में ही होना चाहिए। अब देखना यह है कि पुलिस इन मामलों में कितनी जल्दी और कितनी सख्त कार्रवाई करती है।



Sabse pehle comment karne wale banein.