नई दिल्ली (खबरीलाल बिजनेस एंड ऑटो डेस्क): पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों के बीच सस्ता और पर्यावरण के अनुकूल ईंधन तलाश रहे आम आदमी को एक बार फिर महंगाई का बड़ा झटका लगा है। देश में गैस वितरण करने वाली प्रमुख निजी (प्राइवेट) कंपनियों ने कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) की कीमतों में अचानक भारी इजाफा कर दिया है।READ ALSO:-प्राइवेट नौकरी करने वालों की बल्ले-बल्ले: अब बेकार नहीं जाएंगी आपकी छुट्टियां, सरकार के नए नियम से हर साल मिलेगा 'नकद पैसा'
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
अडानी गैस (Adani Gas), टॉरेंट गैस (Torrent Gas) और थिंक गैस (Think Gas) जैसी बड़ी प्राइवेट कंपनियों ने अलग-अलग राज्यों में सीएनजी की कीमतों में 1.5 रुपये से लेकर 4 रुपये प्रति किलोग्राम तक की भारी बढ़ोतरी कर दी है। एक तरफ जहां प्राइवेट कंपनियां वैश्विक बाजार का हवाला देकर ग्राहकों की जेब ढीली कर रही हैं, वहीं देश की सरकारी गैस और तेल कंपनियों (जैसे IGL और IOCL) ने फिलहाल जनता को राहत देते हुए अपनी कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है। आइए, 'खबरीलाल' की इस विस्तृत और ग्राउंड-जीरो रिपोर्ट में समझते हैं कि किस कंपनी ने कहां, कितने दाम बढ़ाए हैं और इस महंगाई का सीधा असर आपकी जेब पर कैसे पड़ेगा।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

थिंक गैस (Think Gas) ने दिया सबसे बड़ा झटका: दाम में 4 रुपये तक की वृद्धि

\r\n\r\n
इस सीएनजी प्राइस हाइक में सबसे ज्यादा असर 'थिंक गैस' के उपभोक्ताओं पर पड़ा है। कंपनी ने उत्तर भारत (North India) और दक्षिण भारत (South India) के अपने सभी प्रमुख बाजारों में सीएनजी की कीमतों में सबसे अधिक उछाल दर्ज किया है। प्राप्त जानकारी और कंपनी के नए रेट कार्ड के अनुसार, थिंक गैस ने सीएनजी के दाम में 2.5 रुपये से लेकर 4 रुपये प्रति किलोग्राम तक की भारी बढ़ोतरी कर दी है। जो लोग अपने दैनिक आवागमन के लिए थिंक गैस के सीएनजी स्टेशनों पर निर्भर हैं, उनके लिए यह बढ़ोतरी उनके मासिक बजट को सीधे तौर पर बिगाड़ने वाली है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

टॉरेंट गैस (Torrent Gas): राजस्थान और अन्य बाजारों में 2.5 रुपये का इजाफा

\r\n\r\n
थिंक गैस के बाद टॉरेंट गैस ने भी अपने उपभोक्ताओं को महंगाई का कड़वा घूंट पिलाया है। हाल के दिनों में टॉरेंट गैस ने भी अपने डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क वाले क्षेत्रों में सीएनजी महंगी कर दी है। विशेष रूप से राजस्थान (Rajasthan) और कंपनी के अन्य क्षेत्रीय बाजारों में सीएनजी की दरें 2.5 रुपये प्रति किलोग्राम बढ़ा दी गई हैं। राजस्थान में वैसे भी ईंधन पर टैक्स की दरें अधिक रहती हैं, ऐसे में टॉरेंट गैस द्वारा अचानक प्रति किलो ढाई रुपये की बढ़ोतरी से ऑटो और टैक्सी चालकों में भारी रोष देखा जा रहा है।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n

अडानी गैस (Adani Gas) ने गुजरात में बढ़ाए दाम

\r\n\r\n
देश के सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क में एक बड़ा नाम रखने वाले अडानी ग्रुप की कंपनी 'अडानी गैस' ने भी इस बहती गंगा में हाथ धोते हुए कीमतें बढ़ा दी हैं। हालांकि, थिंक और टॉरेंट गैस के मुकाबले अडानी गैस द्वारा की गई बढ़ोतरी थोड़ी कम है। कंपनी ने गुजरात (Gujarat) के अपने नेटवर्क क्षेत्रों में सीएनजी की कीमतों में 1.5 रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि की है। गुजरात, जो कि देश के सबसे बड़े औद्योगिक हब में से एक है और जहां सीएनजी वाहनों की संख्या बहुत अधिक है, वहां 1.5 रुपये की यह मामूली दिखने वाली बढ़ोतरी भी कंपनी को करोड़ों का अतिरिक्त मुनाफा देगी, जबकि आम आदमी की जेब कटेगी।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

आखिर क्यों बढ़ रहे हैं CNG के दाम? (अंतरराष्ट्रीय कारण)

\r\n\r\n
अचानक सीएनजी की कीमतों में लगी इस आग के पीछे मुख्य रूप से अंतरराष्ट्रीय कारण जिम्मेदार हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    घरेलू नेचुरल गैस के दाम में वृद्धि: अप्रैल महीने की शुरुआत में ही सरकार द्वारा घरेलू नेचुरल गैस (Domestic Natural Gas) की कीमतों में संशोधन किया गया था। वैश्विक स्तर पर गैस की कीमतों में आए उछाल के कारण घरेलू गैस भी महंगी हो गई, जिसे सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूटर्स (CGD) खरीदकर सीएनजी में बदलते हैं।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    कच्चे तेल (Crude Oil) का आसमान छूना: इंटरनेशनल मार्केट में इन दिनों ऊर्जा संकट गहराया हुआ है। कच्चे तेल की कीमतें 110 डॉलर प्रति बैरल के खतरनाक और उच्च स्तर पर ट्रेड कर रही हैं। गैस के दाम सीधे तौर पर क्रूड ऑयल बास्केट से जुड़े होते हैं। कच्चे तेल के महंगे होने का डोमिनो इफेक्ट (Domino Effect) सीधे भारत के घरेलू ईंधन बाजार पर पड़ रहा है। प्राइवेट कंपनियों का तर्क है कि लागत (Input Cost) बढ़ने के कारण उनके पास ग्राहकों पर बोझ डालने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था।
    \r\n
  4. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

सरकारी कंपनियों की राहत: IGL और IOCL ने नहीं बढ़ाए दाम

\r\n\r\n
इस पूरे परिदृश्य में सबसे ध्यान देने वाली बात यह है कि जहां प्राइवेट कंपनियां अंतरराष्ट्रीय बाजार का बहाना बनाकर तुरंत दाम बढ़ा रही हैं, वहीं सरकारी क्षेत्र की कंपनियों ने आम जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए फिलहाल कीमतों को स्थिर रखा है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL): दिल्ली और पूरे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (Delhi-NCR) में सीएनजी सप्लाई करने वाली सबसे बड़ी सरकारी कंपनी IGL ने अपने प्राइवेट साथियों का अनुसरण नहीं किया है। IGL ने सीएनजी के दामों में कोई बढ़ोतरी नहीं की है, जिससे दिल्ली-एनसीआर के लाखों कैब और ऑटो चालकों ने बड़ी राहत की सांस ली है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    पेट्रोल-डीजल का हाल (Nayara vs IOCL): यही ट्रेंड पेट्रोल और डीजल के मार्केट में भी देखा जा रहा है। प्राइवेट सेक्टर की फ्यूल कंपनी नायरा एनर्जी (Nayara Energy) ने अपने पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल की कीमतों में गुपचुप तरीके से इजाफा कर दिया है। लेकिन, देश की सबसे बड़ी सरकारी तेल विपणन कंपनी 'इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड' (IOCL) ने 110 डॉलर प्रति बैरल क्रूड होने के बावजूद पेट्रोल और डीजल के दामों में कोई वृद्धि नहीं की है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

आम आदमी की जेब पर क्या होगा असर?

\r\n\r\n
सीएनजी मुख्य रूप से पब्लिक ट्रांसपोर्ट (ऑटो, टैक्सी, कैब) और मध्यम वर्ग की कारों में इस्तेमाल होती है। सीएनजी की कीमतों में 1.5 से 4 रुपये प्रति किलो की इस भारी बढ़ोतरी का सीधा असर ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट (Transportation Cost) पर पड़ेगा।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    कैब और ऑटो का सफर होगा महंगा: ओला-उबर (Ola-Uber) जैसी कैब सर्विस और लोकल ऑटो वाले पहले से ही कम मार्जिन की शिकायत करते रहे हैं। सीएनजी महंगी होने से वे किराया बढ़ाने की मांग करेंगे।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    मालभाड़े में वृद्धि: छोटे मालवाहक वाहन जो सीएनजी पर चलते हैं, उनका संचालन महंगा हो जाएगा। इससे रोजमर्रा की चीजों (सब्जी, दूध, किराना) की ढुलाई महंगी होगी, जिसका अंतिम भार (Inflation) आम उपभोक्ता को ही उठाना पड़ेगा।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
फिलहाल, प्राइवेट सीएनजी कंपनियों के इस फैसले ने मिडिल क्लास का बजट बिगाड़ दिया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकारी कंपनियां (IGL आदि) कब तक इस अंतरराष्ट्रीय दबाव को बर्दाश्त कर पाती हैं और आम जनता को इस महंगाई से बचाए रखती हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
(देश की अर्थव्यवस्था, ऑटो सेक्टर में हो रहे बदलाव और ईंधन की कीमतों से जुड़ी हर एक्सक्लूसिव रिपोर्ट के लिए पढ़ते रहें खबरीलाल - आपकी अपनी आवाज।)
विज्ञापन
विज्ञापन
पढ़िए फटाफट खबरेंस्वाइप करके पढ़ें