उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। लखनऊ मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के बाद बिजनौर जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। प्रशासन ने 24 से 26 सितंबर 2026 तक जिले में भारी बारिश, तेज आंधी-तूफान और आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने की प्रबल संभावना जताई है। संभावित प्राकृतिक आपदा को देखते हुए अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) देवेन्द्र पाल सिंह ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने और बचाव की आवश्यक तैयारियां पूरी करने के सख्त निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही, आम जनता और किसानों के लिए भी एक विस्तृत एडवाइजरी जारी की गई है।
खुले स्थानों, खेतों और पेड़ों से रहें दूर जिला प्रशासन ने अपनी एडवाइजरी में नागरिकों से खराब मौसम के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। एडीएम देवेन्द्र पाल सिंह ने कहा कि आकाशीय बिजली गिरने के खतरे को देखते हुए लोग खुले मैदानों, खेतों, तालाबों, नदियों, नहरों और जलभराव वाले इलाकों से पूरी तरह दूर रहें। आंधी-तूफान के समय भूलकर भी पेड़ों के नीचे शरण न लें, बल्कि सुरक्षित और पक्के भवनों के अंदर रहें।
प्रशासन ने किसानों से विशेष अपील की है कि वे मौसम खराब होने पर खेतों में काम न करें और तुरंत सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं। यदि कोई व्यक्ति खुले स्थान पर फंस जाता है, तो उसे जमीन पर लेटने के बजाय दोनों पैरों को मिलाकर नीचे झुक जाना (उकड़ू बैठना) चाहिए। इसके अलावा मोबाइल टावर, बिजली के खंभों, ऊंची इमारतों और धातु की वस्तुओं से दूरी बनाए रखना बेहद जरूरी है।
क्या है बचाव का "30-30 नियम"? प्रशासन ने वज्रपात से बचाव के लिए "30-30 नियम" का पालन करने की सलाह दी है। इस नियम के अनुसार, यदि बिजली चमकने के 30 सेकंड के भीतर बादलों की गर्जना सुनाई दे, तो तुरंत किसी सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए। इसके बाद, जब अंतिम गर्जना सुनाई दे, तो उसके बाद कम से कम 30 मिनट तक उसी सुरक्षित स्थान पर प्रतीक्षा करें और फिर बाहर निकलें। आंधी-तूफान के दौरान घरों की खिड़कियां और दरवाजे बंद रखें। टीवी, फ्रिज, कूलर और कंप्यूटर जैसे बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल भी बंद कर दें। वाहन चालकों को हिदायत दी गई है कि वे गाड़ी सुरक्षित जगह रोककर उसके अंदर ही बैठे रहें और विद्युत लाइनों के पास वाहन खड़ा न करें।
Follow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join ›आपात स्थिति के लिए जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर आपदा की स्थिति से निपटने के लिए जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने कंट्रोल रूम स्थापित किया है। किसी भी प्रकार की सूचना, शिकायत या सहायता के लिए नागरिक कंट्रोल रूम के नंबर 01342-262031 और 01342-262295 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा, आपातकालीन स्थिति में पुलिस सहायता के लिए 112, फायर ब्रिगेड के लिए 101 और चिकित्सा व एंबुलेंस सहायता के लिए 108 डायल किया जा सकता है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और रेडियो, टीवी या प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी चेतावनियों पर ध्यान देने की अपील की है।