उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के बुजुर्गों को दी जाने वाली वृद्धावस्था पेंशन (Old Age Pension) के भुगतान की प्रक्रिया में एक बड़ा और अहम बदलाव करने का निर्णय लिया है। नई व्यवस्था के लागू होने के बाद, अब पात्र बुजुर्गों के बैंक खातों में केंद्र सरकार और राज्य सरकार की ओर से दी जाने वाली पेंशन की रकम अलग-अलग ट्रांसफर की जाएगी। अभी तक दोनों सरकारों की ओर से मिलने वाली कुल धनराशि एक साथ लाभार्थी के खाते में आती थी, जिससे यह स्पष्ट नहीं हो पाता था कि इसमें केंद्र सरकार का कितना अंश है और राज्य सरकार का कितना। नई प्रणाली से भुगतान व्यवस्था में और अधिक पारदर्शिता आएगी।

60 से 79 वर्ष के बुजुर्गों के लिए पेंशन का गणित इस नई व्यवस्था के तहत अलग-अलग आयु वर्ग के लिए हिस्सेदारी तय की गई है। 60 से 79 साल की उम्र के पात्र बुजुर्गों को हर महीने 1,000 रुपये की पेंशन दी जाती है। इस 1,000 रुपये में 200 रुपये का योगदान केंद्र सरकार का होता है, जबकि शेष 800 रुपये उत्तर प्रदेश सरकार अपने संसाधनों से देती है। यूपी में पेंशन का भुगतान हर तीन महीने (तिमाही) पर किया जाता है। ऐसे में तीन महीने की कुल पेंशन 3,000 रुपये होती है। अब नई व्यवस्था में इस 3,000 रुपये में से केंद्र सरकार का हिस्सा 600 रुपये और राज्य सरकार का हिस्सा 2,400 रुपये लाभार्थी के खाते में अलग-अलग क्रेडिट होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

80 साल या उससे अधिक उम्र वालों के लिए व्यवस्था 80 साल या उससे अधिक उम्र के पात्र बुजुर्गों की पेंशन में केंद्र और राज्य सरकार, दोनों की हिस्सेदारी बराबर होती है। इस आयु वर्ग के लाभार्थियों को भी प्रतिमाह 1,000 रुपये की पेंशन मिलती है, जिसमें 500 रुपये केंद्र सरकार और 500 रुपये राज्य सरकार वहन करती है। तिमाही आधार पर मिलने वाले कुल 3,000 रुपये में से केंद्र और राज्य का हिस्सा 1,500-1,500 रुपये अलग-अलग खातों में भेजा जाएगा।

अतिरिक्त लाभार्थियों का पूरा खर्च उठाएगी यूपी सरकार लखनऊ के जिला समाज कल्याण अधिकारी अंजनी ने जानकारी देते हुए बताया कि भारत सरकार द्वारा यूपी के लिए वृद्धावस्था पेंशन के लाभार्थियों का एक कोटा (संख्या) तय किया गया है। हालांकि, उत्तर प्रदेश सरकार इस निर्धारित संख्या से अधिक पात्र बुजुर्गों को भी पेंशन का लाभ दे रही है। ऐसे अतिरिक्त लाभार्थियों की प्रतिमाह 1,000 रुपये (तिमाही 3,000 रुपये) की पूरी पेंशन का खर्च राज्य सरकार शत-प्रतिशत अपने बजट से वहन करती है।

पहली किस्त के रूप में 3,000 रुपये का भुगतान जारी आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में वर्तमान में करीब 67.5 लाख बुजुर्ग वृद्धावस्था पेंशन योजना का लाभ ले रहे हैं। इनमें से लगभग 47 लाख लाभार्थी ऐसे हैं, जिनकी पेंशन में केंद्र सरकार अपना निर्धारित हिस्सा देती है। शेष सभी पात्र बुजुर्गों की पेंशन पूरी तरह से यूपी सरकार द्वारा दी जा रही है। समाज कल्याण विभाग द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही किस्त के तहत पात्र बुजुर्गों के बैंक खातों में 3,000 रुपये भेजे जा रहे हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पेंशन की दर 1,000 रुपये प्रतिमाह ही है, लेकिन भुगतान तीन महीने में एक बार होने के कारण 3,000 रुपये एक साथ प्राप्त होते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन