उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर बिगड़ गया है। जनवरी के अंतिम सप्ताह में ठंड की विदाई की उम्मीद कर रहे लोगों को अब 'कोहरे की मार' और 'बर्फीली हवाओं' का सामना करना पड़ रहा है। शुक्रवार (30 जनवरी) की सुबह प्रदेश के करीब 30 जिले घने कोहरे (Dense Fog) की सफेद चादर में लिपटे नजर आए। दृश्यता (Visibility) इतनी कम थी कि हाथ को हाथ नहीं सूझ रहा था। अलीगढ़ और झांसी जैसे शहरों में विजिबिलिटी शून्य से 10 मीटर तक सिमट गई, जिससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।Read also:-यूपी में ट्रांसपोर्ट सिस्टम का 'मेकओवर': योगी सरकार ने 351 नई भर्तियों, EV पर 100% टैक्स छूट और 3 नए 'पावर जोन' पर लगाई मुहर; परिवहन मंत्री ने बताया पूरा रोडमैप
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इस बीच, मौसम विभाग (IMD) ने एक नई चेतावनी जारी कर चिंता और बढ़ा दी है। एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय हो रहा है, जिसके चलते 1 से 3 फरवरी के बीच प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की प्रबल संभावना है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

कोहरे का कहर और आगरा में दर्दनाक हादसा

\r\n\r\n
घने कोहरे ने शुक्रवार को ही अपना भयानक रूप दिखा दिया। आगरा में विजिबिलिटी इतनी कम थी कि नेशनल हाईवे पर गाड़ियां रेंगने को मजबूर थीं। इसी बीच, नगला रामबक्श में जियो पेट्रोल पंप के सामने एक दर्दनाक हादसा हुआ। शून्य दृश्यता के कारण दो गाड़ियां आपस में टकरा गईं। इस टक्कर की चपेट में एक बाइक सवार आ गया, जिसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और घायल को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह हादसा चेतावनी है कि कोहरे में ड्राइविंग कितनी जानलेवा हो सकती है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। जो लोग जरूरी काम से बाहर निकले, वे हेडलाइट जलाकर धीमी गति से चलते नजर आए। बर्फीली हवाओं ने गलन इतनी बढ़ा दी है कि गाड़ियों के हैंडल पकड़ने पर हाथ सुन्न हो रहे हैं। ओस की बूंदें लगातार टपक रही हैं, जिससे सड़कों पर रिमझिम बारिश जैसा अहसास हो रहा है।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n

मौसम विभाग का बड़ा अपडेट: 1 फरवरी से बदलेगा मौसम

\r\n\r\n
लखनऊ मौसम केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार, मौसम में यह बदलाव एक नए पश्चिमी विक्षोभ के कारण आ रहा है। उन्होंने बताया, "अगले 24 घंटों में प्रदेश भर में न्यूनतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इसके बाद, 1 फरवरी से पश्चिमी विक्षोभ पूरी तरह सक्रिय हो जाएगा। इसका असर 3 फरवरी तक रहेगा, जिससे पश्चिमी और पूर्वी यूपी के कई जिलों में बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं।"
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
फिलहाल, प्रदेश के तराई और पूर्वी इलाकों में अगले कुछ दिनों तक कोहरा छाया रहेगा। दिन में धूप निकलने की संभावना कम है, और अगर धूप निकलती भी है, तो बर्फीली हवाओं के कारण उसकी तपिश महसूस नहीं होगी।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

पिछले 24 घंटों का हाल: बुलंदशहर सबसे ठंडा

\r\n\r\n
बीते 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो ठंड ने अपना प्रचंड रूप दिखाया है।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    सबसे ठंडा शहर: बुलंदशहर (न्यूनतम तापमान 8.6°C)
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    अन्य ठंडे शहर: मुजफ्फरनगर, मेरठ और अलीगढ़ में भी पारा 9 डिग्री के नीचे लुढ़क गया।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    बारिश की स्थिति: जनवरी का महीना इस बार सूखा रहा। लखनऊ में सामान्य 14.1 मिमी के मुकाबले सिर्फ 8.6 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य से 39% कम है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

यातायात व्यवस्था ध्वस्त: ट्रेनें और फ्लाइट्स लेट

\r\n\r\n
घने कोहरे का सीधा असर रेल, सड़क और हवाई यातायात पर पड़ा है। भारतीय रेलवे की समयसारिणी पूरी तरह गड़बड़ा गई है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    रेल यातायात:
    \r\n\r\n
      \r\n
    • \r\n
      गोरखपुर, लखनऊ और कानपुर सेंट्रल पर लंबी दूरी की ट्रेनें 10 से 15 घंटे की देरी से चल रही हैं।
      \r\n
    • \r\n
    • \r\n
      हरिद्वार से पुरी जाने वाली कलिंगा उत्कल एक्सप्रेस झांसी में 12 घंटे देरी से पहुंची।
      \r\n
    • \r\n
    • \r\n
      हाथरस जंक्शन पर सिक्किम महानंदा एक्सप्रेस को निरस्त कर दिया गया है।
      \r\n
    • \r\n
    • \r\n
      संबलपुर एक्सप्रेस और लखनऊ मेल जैसी प्रमुख ट्रेनें भी घंटों लेट हैं।
      \r\n
    • \r\n
    • \r\n
      चंदौसी जंक्शन पर लखनऊ की चार ट्रेनें 6 घंटे तक विलंबित रहीं।
      \r\n
    • \r\n
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    सड़क परिवहन:
    \r\n\r\n
      \r\n
    • \r\n
      रोडवेज बसों का संचालन भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है। विजिबिलिटी कम होने के कारण बसें डिपो से देरी से निकल रही हैं।
      \r\n
    • \r\n
    • \r\n
      यात्रियों की कमी के कारण कई बसें खाली दौड़ रही हैं, क्योंकि लोग ठंड में सफर करने से बच रहे हैं।
      \r\n
    • \r\n
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    हवाई यातायात:
    \r\n\r\n
      \r\n
    • \r\n
      लखनऊ के चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट और वाराणसी एयरपोर्ट पर सुबह की फ्लाइट्स की लैंडिंग और टेकऑफ में दिक्कतें आ रही हैं। कई विमानों को डायवर्ट किया गया है या वे देरी से उड़ान भर रहे हैं।
      \r\n
    • \r\n
    \r\n
  6. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

जिलेवार मौसम का हाल (Ground Report)

\r\n\r\n
आइए जानते हैं उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों में आज मौसम कैसा है और अगले कुछ दिनों में क्या स्थिति रहेगी:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

1. लखनऊ (Lucknow Weather)

\r\n\r\n
नवाबों के शहर लखनऊ में सुबह की शुरुआत हल्की धुंध और कोहरे के साथ हुई। हालांकि, दिन चढ़ने के साथ कोहरा थोड़ा छंटा, लेकिन बर्फीली हवाओं ने 'गलन' बरकरार रखी है।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    तापमान: आज अधिकतम 21°C और न्यूनतम 10°C रहने का अनुमान है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    पूर्वानुमान: 1 फरवरी से बादल छाएंगे और हल्की बारिश हो सकती है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

2. वाराणसी (Varanasi Weather)

\r\n\r\n
काशी में लगातार दूसरे दिन आसमान में बादल छाए हुए हैं। गंगा घाटों पर सुबह घना कोहरा देखा गया।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    तापमान: अधिकतम 22°C, न्यूनतम 10°C।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    हवा: 7 किमी/घंटा की रफ्तार से चल रही ठंडी हवा ने ठिठुरन बढ़ा दी है। मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव के अनुसार, कल से नया विक्षोभ यहां भी असर दिखाएगा।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

3. आगरा (Agra Weather)

\r\n\r\n
ताजनगरी आगरा सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में से एक है। यहां 'कोल्ड डे' (Cold Day) जैसी स्थिति बनी हुई है।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    स्थिति: शहर के बाहरी इलाकों (Outer areas) में विजिबिलिटी जीरो के करीब रही। ओस इतनी गिर रही है कि सड़कें गीली हैं।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    तापमान: सुबह का पारा 8°C के आसपास दर्ज किया गया।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

4. गोरखपुर (Gorakhpur Weather)

\r\n\r\n
गोरखपुर और आसपास के तराई क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। लोग ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा ले रहे हैं।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    चेतावनी: मौसम विभाग ने यहां अगले 2 दिनों तक घने कोहरे का येलो अलर्ट जारी किया है। दिन में भी सूरज के दर्शन मुश्किल हैं।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

5. झांसी (Jhansi Weather)

\r\n\r\n
बुंदेलखंड के झांसी में सुबह विजिबिलिटी मात्र 10 मीटर रही। इसने ट्रेन संचालन को सबसे ज्यादा प्रभावित किया है।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    तापमान: न्यूनतम 10 डिग्री सेल्सियस।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    यातायात: 15 से ज्यादा ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

6. अलीगढ़ (Aligarh Weather)

\r\n\r\n
अलीगढ़ में भी कोहरे का टॉर्चर जारी है। यहां दृश्यता 10 मीटर के आसपास रही।
\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    तापमान: अधिकतम 19°C और न्यूनतम 8°C। ठंडी हवाओं ने लोगों को घरों में दुबकने पर मजबूर कर दिया है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

7. इटावा और हाथरस (Etawah & Hathras)

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    इटावा: यहां न्यूनतम तापमान 7-8 डिग्री तक गिर गया है। रेल और सड़क यातायात ठप सा हो गया है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    हाथरस: विजिबिलिटी 20 मीटर रही। यहां से गुजरने वाली कई ट्रेनें रद्द या लेट हैं।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

8. संभल और बलिया (Sambhal & Ballia)

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    संभल: घने कोहरे की चादर और बर्फीली हवाओं ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    बलिया: मौसम ने अचानक करवट ली है। 11 किमी/घंटा की रफ्तार से चल रही हवा ने गलन बढ़ा दी है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

अगले 3 दिनों का मौसम पूर्वानुमान (Weather Forecast)

\r\n\r\n
मौसम विभाग ने आने वाले तीन दिनों के लिए विस्तृत गाइडलाइन जारी की है:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    31 जनवरी: पूर्वी और पश्चिमी यूपी के कुछ जिलों में घना कोहरा छाया रहेगा। 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से सतही हवाएं (Surface Winds) चल सकती हैं, जो ठंडक बढ़ाएंगी।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    1 फरवरी: मौसम का मिजाज बदलेगा। पश्चिमी यूपी (मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा, सहारनपुर) और पूर्वी यूपी के कई हिस्सों में गरज के साथ बारिश की शुरुआत हो सकती है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    2 फरवरी: बारिश का दायरा बढ़ेगा। पूर्वी और पश्चिमी यूपी में कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश और ओलावृष्टि (Hailstorm) की भी संभावना है। तेज हवाएं फसलों को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

किसानों के लिए संकट: बारिश, ओले और तेज हवा

\r\n\r\n
बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि किसानों के लिए किसी आफत से कम नहीं है। रबी की फसलें (Rabi Crops) इस समय नाजुक अवस्था में हैं।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
कृषि विशेषज्ञ सिद्धार्थ सिंह ने बताया, "इस समय गेहूं की फसल में बालियां आ रही हैं या आ चुकी हैं। अगर 30-40 किमी/घंटा की रफ्तार से हवा चली और साथ में बारिश हुई, तो गेहूं की फसल खेतों में गिर (Lodging) जाएगी। इससे दाने हल्के हो जाएंगे और उत्पादन में सीधा 20% तक का नुकसान हो सकता है।"
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

फसलों पर संभावित असर:

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    गेहूं (Wheat): फसल गिरने से दाना पूरा नहीं भर पाएगा और काला पड़ सकता है।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    सरसों (Mustard): सरसों की फलियां तैयार हैं। खेतों में पानी भरने से तना गलने का खतरा है और फलियां जमीन पर गिरकर खराब हो सकती हैं।
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    आलू (Potato): अगर बारिश के बाद धूप नहीं निकली, तो आलू में 'झुलसा रोग' (Late Blight) लगने की आशंका बढ़ जाएगी।
    \r\n
  6. \r\n
  7. \r\n
    सब्जियां: मटर, टमाटर और गोभी की फसलों में जलभराव से गलन की समस्या हो सकती है।
    \r\n
  8. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
किसानों को सलाह दी गई है कि वे अभी खेतों में सिंचाई न करें और जल निकासी (Drainage) की व्यवस्था दुरुस्त रखें।
\r\n\r\n
स्वास्थ्य सलाह: ठंड में बरतें सावधानी
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
बढ़ती ठंड और कोहरे के बीच डॉक्टरों ने भी विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के हृदय रोग विशेषज्ञों के अनुसार, अत्यधिक ठंड में नसों में सिकुड़न (Vasoconstriction) होती है, जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है और हार्ट अटैक का खतरा रहता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    बुजुर्गों के लिए: सुबह की सैर (Morning Walk) से बचें। अगर धूप निकले तभी बाहर जाएं।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    बच्चों के लिए: बच्चों को कई परतों (Layers) में कपड़े पहनाएं। सिर और कान को ढककर रखें।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    खानपान: भोजन में गर्म तासीर वाली चीजें जैसे गुड़, तिल, मूंगफली, और अदरक का सेवन बढ़ा दें। गुनगुना पानी पीते रहें।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

कोहरे का विज्ञान: क्यों छाया है इतना घना कोहरा?

\r\n\r\n
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस समय वायुमंडल के निचले स्तर में नमी (Moisture) की मात्रा काफी अधिक है। जब तापमान गिरता है और हवा की गति कम होती है, तो यह नमी संघनित (Condense) होकर कोहरे का रूप ले लेती है। पश्चिमी विक्षोभ के आने से पहले अक्सर हवा शांत हो जाती है, जिससे प्रदूषक और कोहरा एक जगह जमा हो जाते हैं। इसे 'रेडिएशन फॉग' (Radiation Fog) भी कहा जाता है, जो सुबह के समय सबसे ज्यादा होता है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
उत्तर प्रदेश में अगले 72 घंटे मौसम के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण हैं। एक तरफ जहां कोहरा यातायात और रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर रहा है, वहीं दूसरी तरफ 1 फरवरी से होने वाली बारिश किसानों की चिंता बढ़ा रही है। प्रशासन ने रैन बसेरों को सक्रिय कर दिया है और जगह-जगह अलाव की व्यवस्था की जा रही है। नागरिकों से अपील है कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखें और कोहरे में वाहन चलाते समय अत्यधिक सावधानी बरतें।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
यदि आप यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो घर से निकलने से पहले ट्रेन और फ्लाइट का स्टेटस जरूर चेक कर लें। ठंड से बचें और सुरक्षित रहें।
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
पढ़िए फटाफट खबरेंस्वाइप करके पढ़ें