omicron का खतरा: साउथ अफ्रीका से मेरठ लौटे 7 लोग; CM योगी ने मेरठ समेत 3 जिलों के लिए दिए ये निर्देश
उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कोरोना के नए वेरिएंट को लेकर टीम 9 की बैठक की। इस दौरान उन्होंने अफसरों को लखनऊ, झांसी और मेरठ में जीनोम सिक्वेंसिंग शुरू करने के निर्देश दिए।
अभी तक प्रदेश में जीनोम सिक्वेंसिंग की सुविधा सिर्फ लखनऊ के kgMu में है, लेकिन CM ने अब SGPGI समेत गोरखपुर, झांसी और मेरठ में भी जल्द से जल्द शुरू करने के लिए कहा है। इससे कोरोना के नए वेरिएंट की जांच में तेजी आएगी।
10 दिन में विदेश से मेरठ आए 209 लोग
उधर कोरोना के नए वेरिएंट के डर के महौल के बीच मेरठ में विदेश से लौटे लोगों के टेंशन बढ़ा दी है। बताया जा रहा है कि बीते 10 दिनों में मेरठ में 209 लोजी विदेश यात्रा कर लौट हैं। खतरे की बात यह है कि इन 209 लोगों में से 7 लोग साउथ अफ्रीका से लौटे हैं। इन 209 लोगों की लिस्ट प्रशासन को मिल गई है, ताकि इनकी जांच कर निगरानी की जा सके। जांच के दौरान अगर कोई यात्री कोरोना पॉज़िटिव पाया जाता है तो उसकी जीनोम स्किवेंसिंग कराई जाएगी।
क्या है स्वास्थ्य विभाग की तैयारी
- मेरठ स्वास्थ्य विभाग ने ओमिक्रोन के खतरे को देखते हुए व्यवस्था मजबूत करते हुए पूरी तैयारी कर ली है।
- मेरठ मेडिकल कॉलेज और एक प्राइवेट अस्पताल में अलग वार्ड भी बना दिए गए हैं
- ऑक्सीजन कंस्ट्रेटर ऑक्सीजन प्लांट्स तैयार हैं
- सभी 36 प्रभारी चिकित्साधिकारियों के साथ मीटिंग की गई और उन्हके अलर्ट रहने के लिए कहा गया है
- निगरानी समितियों को अलर्ट कर दिया गया है
- लक्षणयुक्त मरीज की विशेष जांच होगी
- बड़ी संख्या में वीटीएम किट मंगाई गई है
- मेडिकल कॉलेज की माइक्रोबायोलोजी लैब जीनोम सीक्वेंसिंग की जांच के लिए सैंपल एनआइवी पुणे या पीजीआई लखनऊ भेजेगी
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर फोकस्ड सैंपलिंग की जाएगी
- अस्पतालों में हेल्थकेयर वर्कर्स एवं हॉस्टल में रहने वाले छात्रों की भी जांच होगी
- संस्थानों, रेलवे स्टेशन एवं बस अड्डों पर भी सैंपलिंग की जाएगी